श्रीगंगानगर.राजस्थान पत्रिका के संस्थापक श्रद्धेय कर्पूरचंद्र कुलिश की जन्म शताब्दी पर राजकीय महात्मा गांधी पांच नंबर स्कूल, पुलिस लाइन में शुक्रवार को च्समाज के विकास में प्रिंट मीडिया की भूमिकाज् विषय पर व्याख्यान हुआ, जिसमें वक्ताओं ने प्रिंट मीडिया की सामाजिक, नैतिक और लोकतांत्रिक जिम्मेदारियों पर विचार-विमर्श किया। प्रथम सत्र में मुख्य वक्ता वरिष्ठ पत्रकार […]
श्रीगंगानगर.राजस्थान पत्रिका के संस्थापक श्रद्धेय कर्पूरचंद्र कुलिश की जन्म शताब्दी पर राजकीय महात्मा गांधी पांच नंबर स्कूल, पुलिस लाइन में शुक्रवार को च्समाज के विकास में प्रिंट मीडिया की भूमिकाज् विषय पर व्याख्यान हुआ, जिसमें वक्ताओं ने प्रिंट मीडिया की सामाजिक, नैतिक और लोकतांत्रिक जिम्मेदारियों पर विचार-विमर्श किया। प्रथम सत्र में मुख्य वक्ता वरिष्ठ पत्रकार राजकुमार जैन ने कहा कि प्रिंट मीडिया जनजागरण और सामाजिक चेतना का सशक्त माध्यम है। समाचार पत्र और पत्रिकाएं सामाजिक कुरीतियों, भ्रष्टाचार, शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण और महिला सशक्तीकरण जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाकर समाज को दिशा देने का कार्य करते हैं। वर्तमान दौर में मीडिया केवल सूचना देने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज का आईना और मार्गदर्शक भी है। जैन ने कई उदाहरणों से बताया कि किस प्रकार प्रिंट मीडिया ने समय-समय पर जनहित के मुद्दों को उठाकर सकारात्मक परिवर्तन की राह प्रशस्त की है। उन्होंने युवाओं को नशे से दूर रहने, मोबाइल का सीमित और सकारात्मक उपयोग करने की सलाह दी।
द्वितीय सत्र में जनसंपर्क विभाग के सहायक निदेशक अनिल शाक्य ने कहा कि लोकतंत्र को सशक्त बनाने और जवाबदेही सुनिश्चित करने में प्रिंट मीडिया की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रिंट मीडिया शासन-प्रशासन और जनता के बीच सेतु का कार्य करता है। खोजी रिपोर्टिंग और विश्लेषणात्मक लेखों के माध्यम से नीतियों, योजनाओं और प्रशासनिक कार्यों की निष्पक्ष समीक्षा की जाती है, जिससे पारदर्शिता बढ़ती है और जिम्मेदारियां तय होती हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित रूप से अखबार पढऩे की प्रेरणा दी। इससे पहले अतिथियों के माल्यार्पण एवं पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया गया। प्राचार्य रिंपा तलवार ने स्वागत उद्बोधन में कुलिशजी के पत्रकारिता योगदान को याद किया।
प्रश्नोत्तर सत्र में विद्यार्थी लक्ष्य ज्याणी, कृतिका, सुमित, सबिना और युवान व राजेंद्र आर्य सहित विद्यार्थियों ने मीडिया की विश्वसनीयता, डिजिटल युग में प्रिंट मीडिया की चुनौतियों और पत्रकारिता में करियर की संभावनाओं पर प्रश्न पूछे, जिनका वक्ताओं ने उत्तर दिया। भामाशाह जगीरचंद फरमा, कृष्ण लाल जसूजा व इंद्रभूषण चावला भी संबोधित किया। कार्यक्रम संचालन शिक्षक मणिभद्र ने किया। इस अवसर पर स्कूल स्टाफ के अर्जुन राम चौहान, राजेंद्र आर्य, डिंपल तलवाड़, पूजा लड्ढा, पारूल, अमरजीत सिंह, राजविंद्र सिंह, मोहित गुप्ता, मधुसूदन पार्थ, सुमन सहित अन्य शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।