किसानों ने कहा, यूरिया नहीं मिला तो करेंगें आंदोलन
टीकमगढ़. टीकमगढ़ जिले के लिए २६ सौ टन यूरिया मंगवाया गया था। लेकिन रेलवे कर्मचारियों ने वह रैक निवाड़ी स्टेशन पर नहीं रखकर हरपालपुर स्टेशन पर उतरवा दिया है। जिसके कारण वह खाद छतरपुर के साथ अन्य जिलों में वितरण हो गया है। अगर चार दिन में यूरिया खाद टीकमगढ़ में नहीं आ पाया तो किसानों को खाद के लिए परेशान होना पड़ेगा।
शासन का दावा है कि टीकमगढ़ और निवाड़ी जिले के कुल रकबे से अधिक यूरिया और डीएपी खाद सहकारी समितियों को आवंटित किया गया है। फिर भी किसानों को खाद के लिए जद्दोजहद करनी पड़ रही है। दो बारी खाद के लिए सोसायटी में घंटों लाइन में खड़ा रहना पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि समितियों द्वारा यूरिया खाद का वितरण नहीं किया गया तो जल्द ही आंदोलन किया जाएगा।
इन सोसायटियों में ज्यादा समस्या:किसान सुरेंद्र सिंह लोधी ने बताया कि कुडीला, मलगुवां, डारगुवां, पटौरी, एरोरा, देवरदा, बल्देवगढ़ और सुजानपुरा के साथ सरकनपुर में पर्याप्त खाद होते हुए भी किसानों को परेशान किया जा रहा है।
जिसके कारण किसानों को सहकारी सोसायटियों से खाद न लेकर व्यापारियों और दूसरे जिलों से खाद को लेना पड़ रहा है। इसके बाद भी प्रशासन द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।
सहकारी समितियों सहित विपणन विभाग के गोदामों में यूरिया खाद १० हजार ७२३ टन भडारण किया गया। लेकिन हाल ही में ७०० टन के करीब खाद बचा हुआ है। इसके साथ ही डीएपी खाद १२ हजार ३०१ टन भण्डारन किया गया था। जहां हाल ही में २२ सौ टन रखा हुआ है। जबकि बारिश होने के कारण यूरिया खाद की इस समय बहुत जरूरत है। लेकिन खाद संघर्ष के बाद भी नहंीं मिल पा रहा है। मामले को लेकर किसानों द्वारा कृषि विभाग के उपसंचालक एसके श्रीवास्तव से जानकारी लेनी पड़ती है। लेकिन उनके द्वारा किसानों को मामले में क ोई सलाह नहीं दी जाती है।
&जिले में यूरिया ७ सौ टन के करीब बचा हुआ है। टीकमगढ़ का २६ सौ टन यूरिया का रैक हरपालपुर में उतारा गया है। यूरिया खाद के लिए विभाग को पत्र लिखा गया है। इसके साथ मामले में कलेक्टर को भी जानकारी दे चुके है। जल्द ही यूरिया खाद की पूर्ति की जाएगी।
रामस्वरूप धु्रव डीएमओ विपणन संघ