Raw Turmeric : हल्दी हर घर की रसोई में पाई जाती है। कच्ची हल्दी के एक नहीं, बल्कि दस-दस फायदे हैं। आइये हम आपको इसके फायदे बताते हैं...
हल्दी सिर्फ एक मसाला नहीं है, बल्कि हल्दी की पत्तियां, हल्दी की गांठ और कच्ची हल्दी से कई रोगों का इलाज संभव है। यह हम नहीं बल्कि, गोरखपुर के आयुर्वेदिक डॉ. गंगा प्रसाद अग्रहरि का कहना है। डॉ. गंगा बताते हैं कि हल्दी हमारे रोज के मसालों में शामिल रहती है। इसके पीछे कोई परंपरा नहीं है, बल्कि विज्ञान है।
अलग-अलग समस्याओं में हल्दी फायदेमंद
दरअसल, हल्दी में करक्यूमिन होता है जो कि बायोएक्टिव कंपाउंड है। ये एक ऐसा तत्व है जो एक साथ कई प्रकार से काम करता है। जैसे कि कभी एंटीऑक्सीडेंट की तरह तो कभी एंटीइंफ्लेमेटरी जड़ीबूटी की तरह तो कभी एंटीबैक्टीरियल हर्ब के रूप में। इस तरह हल्दी अपने अलग-अलग गुणों के कारण अलग-अलग समस्याओं में इस्तेमाल किया जा सकता है।
...तो आइए जानते हैं ऐसी 10 समस्याओं के बारे में, जिनमें आप हल्दी का इस्तेमाल कर सकते हैं।
1. जोड़ों के दर्द में फायदेमंद
जोड़ों का दर्द अक्सर लोगों को परेशान करता है। ऐसे में हल्दी का सेवन फायदेमंद हो सकता है। हालांकि, अगर आप कच्ची हल्दी का पानी पिएं तो ये ज्यादा प्रभावी होगा। हल्दी करक्यूमिन एंटीइंफ्लेमेटरी गुणों से भरपूर है और इसलिए ये पुरानी सूजन और जोड़ों के दर्द में असरदार तरीके से काम कर सकती है। गठिया जैसी स्थितियों के इलाज में भी हल्दी मदद करती है।
2. डायबिटीज में घाव जल्दी ठीक करती है हल्दी
डायबिटीज में हल्दी कई परेशानियों को एक साथ कम कर सकती है। जैसे कि पहले तो करक्यूमिन इंसुलिन प्रोडक्शन को एक्टिवेट करती है और शुगर के स्पाइक्स को रोकती है। दूसरा इसके एंटीऑक्सीडेंट्स डायबिटीज न्यूरोपैथी के लक्षणों को रोकते हैं और नसों को हेल्दी रखने में मदद करती है। तीसरा डायबिटीज के मरीजों में कोई भी चोट, घाव या फंगल इंफेक्शन बहुत धीमे-धीमे सही होती है और हल्दी का हीलिंग गुण इसे जल्दी ठीक करने में मदद करती है।
3. हाई बीपी की समस्या से लड़ने में मिलती है मदद
हाई बीपी की समस्या आपको दिल की बीमारियों का शिकार बना सकती है। ऐसे में हल्दी का सेवन दिल के लिए बहुत फायदेमंद है। दरअसल, हल्दी में पाए जाने वाले करक्यूमिन बैड कोलेस्ट्ऱॉल को कम करने में मदद करती है। इसके अलावा हल्दी का पानी इन्हें ब्लड वेसेल्स से ब्लॉकेज पैदा करने से रोकती है। इससे आपका ब्लड सर्कुलेशन सही रहता है, बीपा सही रहता है, दिल पर जोड़ नहीं पड़ता और आप दिल की बीमारियों से बचे रहते हैं।
4. सर्दी-जुकाम में रामबाण है हल्दी
सर्दी-जुकाम में हल्दी एक रामबाण इलाज के रूप में काम करती रही है। जी हां, तभी तो हमारी दादी-नानी इस नुस्खे को अपनाती रही हैं। दरअसल, हल्दी के एंटऑक्सीडेंट और एंटीबैक्टीरियल गुण सर्दी-जुकाम में जल्दी फायदा पहुंचाते हैं। इसके अलावा हल्दी खाने से छाती में गर्मी पैदा होती है और बलगम पिघलने लगता है। जिससे बलगम वाली खांसी हो या नाक बह रही हो, हर तरह की समस्या ठीक हो जाती है।
5. एंटीएलर्जिक होती है हल्दी
हल्दी का एक खास गुण ये है कि यह एंटीएलर्जिक है। इसलिए तो, एलर्जी होने पर अक्सर लोग काढ़ा पीते हैं जिसमें हल्दी होती है। दरअसल, हल्दी का एंटीबैक्टीरियल और एंटीएलर्जिक गुण एलर्जी को कम करती है और इसके लक्षणों से छुटकारा दिलाती है।
6. इम्यूनिटी बढ़ाने में करती है मदद
इम्यूनिटी कमजोर होने पर अक्सर लोग बीमार पड़ते हैं। ऐसे में अक्सर हमें हल्दी वाला दूध पीने और काढ़ा पीने को कहा जाता है, जिसके पीछे सिर्फ एक ही तथ्य होता है कि ये इम्यूनिटी बूस्टर है। इसका एंटीऑक्सीडेंट और एंटीबैक्टीरियल गुण संक्रामक बैक्टीरिया रोकता है, इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाती है और बीमारियों से बचाती है।
7. अल्जाइमर होने पर मददगार होती है हल्दी
अल्जाइमर उम्र बढ़ने से जुड़ी हुई एक बीमारी है। इसमें व्यक्ति बातों को जल्दी भूलने लगता है। हल्दी मस्तिष्क को अल्जाइमर जैसी सामान्य बीमारियों से बचाने में मदद करती है। ये मस्तिष्क-व्युत्पन्न न्यूरोट्रॉफिक कारक के स्तर को बढ़ाती है। दरअसल, यह मस्तिष्क और रीढ़ की हड्डी में पाया जाने वाला एक प्रोटीन है जो तंत्रिका कोशिकाओं (न्यूरॉन्स) को स्वस्थ रखने के साथ-साथ तंत्रिका कोशिकाओं के बीच संचार को विनियमित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इस तरह ये ब्रेन डिजेनरेशन को रोकती है और अल्जाइमर को ठीक करने में मदद करती है।
8. डिप्रेशन में एंटीडिप्रेशेंट की तरह करे काम
डिप्रेशन की शुरुआत मूड डिसऑर्डर के साथ शुरू होती है। ऐसे में हल्दी सेवन आपके लिए बहुत फायदेमंद है। दरअसल, ये एंटीडिप्रेशेंट की तरह काम करती है। इसके अलावा इसके बायोएक्टिव गुण दिमाग के काम काज को बेहतर बनाने में मदद करते हैं और मूड को बेहतर बनाते हैं। इससे डिप्रेशन के लक्षण कम होने लगते हैं।
9. ओरल हेल्थ से जुड़ी समस्याओं में देती है लाभ
ओरल हेल्थ से जुड़ी समस्याएं जैसे कि मुंह से बदबू आने पर या फिर दांतों मे कीड़े लग जाने पर हल्दी इन समस्याओं में रामबाण इलाज के रूप में काम कर सकती है। इसका एंटीबैक्टीरियल गुण दांतों मे कीड़े को कम करने में मदद करती है। साथ ही ये मुंह में दुर्गंध पैदा करने वाले बैक्टीरिया को मारती है और मुंह की बदबू को कम करती है।
10. एक्ने और पिगमेंटेशन होने पर
पिगमेंटेशन (शरीर पर काले धब्बे और त्वचा का रंग डार्क होने) होने पर हल्दी इसे हल्का करने में आपकी मदद कर सकती है। साथ ही इसका बायोएक्टिव गुण स्किन व्हाइटनिंग में भी मदद करती है। इसके अलावा एक्ने (कील-मुंहासे) की समस्या में भी हल्दी का इस्तेमाल फायदेमंद है। इसका एंटीबैक्टीरियल गुण एक्ने को कम करती है और फिर चेहरे को साफ रखने और खूबसूरती बढ़ाने में मदद करती है।