वाराणसी

ब्राह्मण समाज के मंत्री इस्तीफा दें और अपने समाज के साथ खड़े हों: UP SI भर्ती परीक्षा में ‘अवसरवादी’ मामले पर अजय राय

उत्तर प्रदेश पुलिस की एसआई भर्ती परीक्षा में पूछे गए एक सवाल से सियासी घमासान मच गया है। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने बीजेपी सरकार में ब्राह्मण मंत्रियों को इस्तीफा देकर समाज का साथ देने का आग्रह किया है...

2 min read
Mar 15, 2026
Pc-patrika

वाराणसी: उत्तर प्रदेश पुलिस की एसआई भर्ती परीक्षा के पहले दिन पूछे गए 'अवसरवादी' वाला मामला तूल पकड़ता जा रहा है। प्रश्न पत्र वायरल होने के बाद अभ्यार्थियों और संगठनों ने आपत्ति दर्ज कराई थी, जिसके बाद यूपी कांग्रेस के अध्यक्ष अजय राय ने भी इस सवाल को लेकर सरकार को कटघरे में खड़ा किया है।

ऐसा सवाल बीजेपी की मानसिकता दर्शाता है: राय

अजय राय ने कहा है कि इस तरह का सवाल बीजेपी की मानसिकता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय ने ही जनसंघ (बीजेपी) की नींव रखी थी। इसके बाद बीजेपी का पंडित अटल बिहारी वाजपेई का समय में उदय हुआ। फिर भी इस तरह का सवाल पूछा जाना बीजेपी की मानसिकता साफ दिखाती है। उन्होंने कहा है कि बीजेपी के सरकार में जो मंत्री और उप-मुख्यमंत्री ऊंचे पद पर बैठे हुए हैं, उन्हें इस्तीफा देकर तुरंत अपने समाज का साथ देना चाहिए।

ब्राह्मण समाज हमेशा देश के लिए लड़ा है: राय

अजय राय ने कहा कि प्रश्न पत्र यह साफ दर्शाता है कि ब्राह्मण समाज के लिए बीजेपी की सोच कैसी बन चुकी है। उन्होंने कहा कि पहले एक फिल्म भी आई थी 'घूसखोर पंडत' जिसे भाजपा सरकार के ही लोगों ने परमिशन दिया था। उन्होंने कहा कि ब्राह्मण समाज हमेशा ही देश के लिए लड़ा है, जिसका उदाहरण मंगल पांडे खुद रह चुके हैं। अंग्रेजों के खिलाफ उन्होंने किस तरह लड़ाई लड़ी यह किसी से छुपा नहीं है।

अजय राय ने कहा कि ऐसे कई उदाहरण हैं, जिनमें लोगों को दिख जाएगा कि ब्राह्मण समाज अत्याचार के खिलाफ लड़ने वाला समाज है। उन्होंने ब्राह्मण समाज के लोगों से आग्रह किया है कि इस चीज का डटकर मुकाबला करना चाहिए। बीजेपी के लोग ब्राह्मण समाज के अपमान में लगे हुए हैं। आखिर ऐसी क्या वजह है कि बीजेपी के मन में ब्राह्मण समाज के लिए इतनी तिरस्कार की भावना आ गई है।

क्या है मामला

दरअसल 14 मार्च को आयोजित हुई परीक्षा में पूछा गया था कि अवसर के अनुसार बदलने वाला वाक्यांश के लिए एक शब्द चुनिए जिसके चार विकल्प भी दिए गए थे, उन विकल्पों में पंडित विकल्प भी शामिल था। इसके बाद मामले ने तूल पकड़ा। वहीं, उत्तर प्रदेश के उप-मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने कहा है कि मामले की जांच कराई जाएगी और किसी भी प्रश्न से समाज या वर्ग की गरिमा को ठेस पहुंचता है तो यह बिल्कुल ही स्वीकार्य नहीं है।

Published on:
15 Mar 2026 11:10 am
Also Read
View All

अगली खबर