
जॉर्डन (Jordan) में शुक्रवार को एक चर्च पर हुए आतंकी हमले (Terrorist Attack) में 8 लोगों की मौत हो गई और 40 लोग घायल हो गए। इस आतंकी हमले की भारत (India) ने निंदा की है। भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल (Randhir Jaiswal) ने भारत की ओर से जारी बयान शेयर किया जिसमें लिखा था, "भारत, 23 अक्टूबर 2026 को जॉर्डन के करक में एक चर्च पर हुए जघन्य हमले की कड़ी निंदा करता है। इस दुखद हमले में कई निर्दोष लोगों की जान चली गई और कई अन्य घायल हो गए। हम पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं और इस कायरतापूर्ण हमले में घायल हुए लोगों के जल्द स्वस्थ होने की कामना करते हैं। इस कठिन घड़ी में भारत जॉर्डन के हशमाइट साम्राज्य की सरकार और वहाँ के मित्रवत लोगों के साथ मजबूती से खड़ा है। हम आतंकवाद के सभी रूपों और प्रकारों के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखने के दृढ़ संकल्प को भी दोहराते हैं।"
जॉर्डन के करक गवर्नरेट के हमूद गांव में शुक्रवार 23 अक्टूबर को ग्रीक ऑर्थोडॉक्स चर्च में अंतिम संस्कार के दौरान आतंकियों ने हमला करते हुए ताबड़तोड़ गोलीबारी की। आतंकियों ने कई मिनटों तक गोलीबारी की, जिससे चर्च में हाहाकार मच गया। हमले के समय चर्च में 150-200 लोग मौजूद थे। इस आतंकी हमले में 8 लोगों ने अपनी जान गंवा दी और 40 अन्य लोग घायल हो गए, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वारदात को अंजाम देने के बाद आतंकी घटनास्थल से फरार हो गए।
इस आतंकी हमले की फिलहाल किसी संगठन ने ज़िम्मेदारी नहीं ली है। कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार आतंकी इस्लामिक स्टेट से जुड़े थे, लेकिन इन रिपोर्ट्स की पुष्टि अभी तक नहीं हुई है। आतंकियों की तलाश की जा रही है। इसके साथ ही पुलिस ने मामले की जांच भी शुरू कर दी है।
जॉर्डन के पीएम जाफर हसन (Jafar Hassan) ने इस आतंकी हमले को चरमपंथी विचारधारा का नतीजा बताया है। इसके साथ ही उन्होंने देश में तीन दिन का राष्ट्रीय शोक घोषित कर दिया है।