
Strait of Hormuz News: अमेरिकी सेना ने खाड़ी देशों से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के जरिए ग्लोबल एनर्जी सप्लाई को सुरक्षित रखने में बड़ी कामयाबी हासिल करने का दावा किया है। US सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर ने शनिवार को कहा कि अमेरिकी सुरक्षा व्यवस्था की वजह से पिछले दो महीनों में एक अरब बैरल से ज्यादा कच्चा तेल इस जलडमरूमध्य से सुरक्षित रूप से गुजरा है। उन्होंने यह भी दावा किया कि US की नाकेबंदी की वजह से इस दौरान ईरान से कच्चे तेल का निर्यात पूरी तरह से ठप हो गया है।
एडमिरल ब्रैड कूपर ने बताया कि इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग के मुख्य शिपिंग रास्तों से नौसैनिक बारूदी सुरंगों को पूरी तरह से हटा दिया गया है। उन्होंने बताया कि अमेरिकी सुरक्षा बलों ने इस क्षेत्र से गुजरने वाले 2000 से अधिक कमर्शियल जहाजों को सुरक्षा दी है। एडमिरल कूपर ने कहा कि खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) के सभी छह सहयोगी देशों, अमेरिकी अंतर-एजेंसी टीमों, अंतरराष्ट्रीय शिपिंग फर्मों और बीमा कंपनियों के सहयोग से जहाजों की आवाजाही में तेजी से सुधार हो रहा है।
अमेरिकी कमांडर ब्रैड कूपर के अनुसार, लागू किए गए सुरक्षा उपायों का अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाजार की सप्लाई चेन पर सीधा असर पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से कच्चे तेल, सामान्य कार्गो और लिक्विफाइड नेचुरल गैस (LNG) की आवाजाही पिछले दो हफ्तों में छह महीने के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई है। उन्होंने इसे खाड़ी क्षेत्र से वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को सुरक्षित करने में एक बड़ी रणनीतिक सफलता बताया।
क्षेत्रीय सुरक्षा को और मजबूत करने के उपायों के बारे में बताते हुए एडमिरल ब्रैड कूपर ने कहा कि अमेरिका अपने सभी क्षेत्रीय सहयोगियों के एयर डिफेंस सिस्टम को मजबूत कर रहा है। इसके अलावा, समुद्री खतरों से निपटने के लिए एक नई कोएलिशन अटैक ड्रोन यूनिट बनाई जा रही है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज और आसपास के जलमार्ग पूरी तरह से खुले, सुरक्षित और किसी भी संभावित खतरे से मुक्त रहें।