
Thomas Massie US Congress: अमेरिका की ईरान नीति अब सिर्फ युद्ध के मैदान तक सीमित नहीं रही, बल्कि उसकी गूंज संसद के भीतर भी तेज हो गई है। रिपब्लिकन सांसद थॉमस मैसी ने रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पेश कर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की युद्ध नीति पर अपनी ही पार्टी के भीतर असहमति को सामने ला दिया है। मैसी का आरोप है कि ईरान में जारी सैन्य अभियान के लिए कांग्रेस की मंजूरी नहीं ली गई। अब प्रतिनिधि सभा में संभावित मतदान पर सबकी नजर है।
अमेरिकी प्रतिनिधि सभा में रिपब्लिकन सांसद थॉमस मैसी ने रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ के खिलाफ महाभियोग के प्रस्ताव को आगे बढ़ाया है। मैसी ने 15 सितंबर को सदन के पटल पर प्रस्ताव के आरोप पढ़े और इसे विशेष प्रक्रिया के तहत रखा, जिससे सदन में इस मुद्दे पर मतदान का रास्ता खुल सकता है।
मैसी का मुख्य आरोप ईरान में जारी अमेरिकी सैन्य कार्रवाई को लेकर है। उनका कहना है कि हेगसेथ ने कांग्रेस की औपचारिक मंजूरी के बिना लंबे समय तक सैन्य अभियान जारी रखा और 1973 के War Powers Resolution से जुड़े प्रावधानों की अनदेखी की। उनके प्रस्ताव में युद्ध के अलावा सैन्य अभियानों में नागरिकों की सुरक्षा, अधिकारों के कथित दुरुपयोग और अन्य कार्रवाइयों से जुड़े आरोप भी शामिल हैं।
यह पहल ऐसे समय हुई है जब ईरान संघर्ष अमेरिकी राजनीति और अर्थव्यवस्था पर भी असर डाल रहा है। Reuters के मुताबिक, अमेरिकी कांग्रेस के बजट कार्यालय ने अनुमान लगाया है कि युद्ध की लागत अब करीब 38 अरब डॉलर तक पहुंच चुकी है और मौजूदा रफ्तार जारी रहने पर हर महीने लगभग 3 अरब डॉलर अतिरिक्त खर्च हो सकता है।
मैसी की कार्रवाई के बाद पेंटागन ने रक्षा मंत्री का समर्थन दोहराया है। पेंटागन प्रेस सचिव किंग्सले विल्सन ने कहा कि विभाग हेगसेथ के नेतृत्व के पीछे एकजुट है और अमेरिकी सैनिकों तथा राष्ट्रीय हितों को प्राथमिकता देकर काम करता रहेगा।
महाभियोग प्रस्ताव की राह आसान नहीं है। प्रतिनिधि सभा में रिपब्लिकन बहुमत होने के कारण इसके सफल होने की संभावना सीमित मानी जा रही है। हालांकि, प्रस्ताव की विशेष संसदीय स्थिति के कारण सदन में मतदान कराया जा सकता है, जिससे सांसदों को ईरान युद्ध और हेगसेथ की भूमिका पर सार्वजनिक रूप से अपना रुख दर्ज करना पड़ सकता है।
थॉमस मैसी लंबे समय से विदेशों में अमेरिकी सैन्य हस्तक्षेपों और ईरान युद्ध की आलोचना करते रहे हैं। उनका राष्ट्रपति ट्रंप के साथ भी सार्वजनिक मतभेद रहा है। मैसी इस साल रिपब्लिकन प्राइमरी में ट्रंप समर्थित उम्मीदवार से हार चुके हैं और मौजूदा घटनाक्रम के बाद उनका यह कदम रिपब्लिकन पार्टी के भीतर युद्ध नीति को लेकर चल रही बहस को और सामने ले आया है।