केंद्र की सत्ता के सेमीफाइनल के रूप में देखे जा रहे यूपी निकाय चुनाव में बीजेपी प्रत्येक सीट पर जमीनी रणनीति तैयार करेगी। यही नहीं इस बार टिकट वितरण में जातीय समीकरण को साधने की पूरी कोशिश होगी। ताकि सभी वर्गो को निकाय में मौका देकर वर्ष 2024 के लिए जमीन तैयार की जके।
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
आजमगढ़. यूपी नगर निकाय चुनाव की घोषणा भले ही न हुई हो लेकिन बीजेपी इसे दिल्ली की सत्ता का सेमीफाइनल मान मैदान में उतरने की तैयारी कर रही है। प्रदेश स्तर पर रणनीति तय कर चुकी भाजपा अब उसे जमीन पर उतारने के लिए कमर कस रही है। क्षेत्रीय परिस्थितियों का आकलन करते हुए पार्टी निकाय स्तर पर जमीनी रणनीति तैयार करने में जुटी है। इसके लिए पार्टी निकाय और वार्ड स्तर पर बैठक कर तैयारियों को मूर्तरूप देगी। यही नहीं टिकट वितरण में जातीय समीकरण का पूरा ख्याल रखा जाएगा। ताकि सभी वर्गों को निकाय चुनाव में साधकर वर्ष 2024 के लिए मजबूत जमीन तैयार की जा सके।
बता दें कि बीजेपी ने नगर निकाय चुनाव में सभी सीटें जीतने का लक्ष्य तय किया है। इसके लिए प्रदेश सरकार के मंत्रियों और पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को निकायों का प्रभारी और सहप्रभारी बनाया गया है, जबकि स्थानीय वरिष्ठ पदाधिकारियों को चुनाव संयोजन का जिम्मा सौंपा गया है। प्रदेश नेतृत्व ने तय किया है कि 14 और 15 अक्टूबर को निकाय स्तर पर पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की बैठकें होंगी। वहीं 16 और 17 अक्टूबर को वार्ड स्तर पर बैठकें की जाएगी।
बैठक से पहले क्षेत्र के निष्क्रिय पुराने कार्यकर्ताओं को सूचीबद्ध किया जाएगा। वरिष्ठ नेता उनसे संवाद कर बैठक के बाद उन्हें चुनावी अभियान में सक्रिय करेंगे। यही नहीं स्थानीय कार्यकर्ताओं के फीडबैक के आधार पर ही वार्डों के प्रभारी भी घोषित किए जाएंगे। प्रभारी मोर्चा तैयार कर सीट पर जीत के लिए जमीनी रणनीति तैयार करेंगे। जिला महामंत्री ब्रजेश यादव ने बताया कि निकाय चुनाव मेें पार्टी ने सभी सीटों पर जीत का लक्ष्य तय किया है। इसके लिए तय रणनीति के तहत काम हो रहा है। चुनाव में बीजेपी बड़ी जीत तय करेगी। चुनाव में बैठक के दौरान जिम्मेदारियां तय की जाएगी।