बरेली।शहर के इज्जतनगर इलाके में महानगर के सामने चिक्कर स्कूल प्रबंधन ने सरकारी जमीन पर कब्जा कर बिल्डिंग खड़ी कर दी। सालों तक सरकारी चकरोड स्कूल वालों का कब्जा रहा। प्रशासन ने स्कूल की बाउंड्रीवॉल तुड़वाकर जमीन को कब्जा मुक्त कराया। लेकिन अधिकारी एफआईआर कराने से कतरा रहे हैं।
एसडीएम सदर प्रत्यूष पांडे के आदेश पर तहसीलदार के नेतृत्व में राजस्व विभाग की टीम ने स्कूल की पैमाइश की। महानगर के सामने चिक्कर स्कूल की पैमाइश में बिल्डिंग और प्लेग्राउंड के बीच में सरकारी जमीन पर कब्जा मिला। इसके बाद स्कूल की बाउंड्रीवाल को तुड़वाया गया। स्कूल के अंदर चार मीटर चौड़ा और 25 मीटर लंबा चकरोड निकला। स्कूल प्रबंधन को रास्ता छोड़कर निर्माण करने के निर्देश दिए गए।
स्कूल प्रबंधन का तर्क जानवर आते थे इसलिए खड़ी कर दी दीवार
चिक्कर स्कूल के प्रबंधन ने राजस्व टीम को बताया कि स्कूल में लड़कियां पढ़ती हैं। रास्ता खुला होने की वजह से जानवर आते थे। इस वजह से उन्होंने दोनों और दीवार खड़ी कर दी। तहसीलदार ने तत्काल सरकारी जमीन से कब्जा हटाने के निर्देश दिए। इसके बाद वहां से कब्जा हटाया गया। दरअसल स्कूल की बिल्डिंग और प्लेग्राउंड दोनों अलग-अलग प्लाट हैं। इनके बीच में सरकारी चकरोड है। सरकारी चकरोड पर कब्जा कर प्लेग्राउंड और स्कूल की बिल्डिंग को आपस में मिला दिया गया था।
सरकारी जमीन से हटवा दिया गया चिक्कर स्कूल का कब्जा
एसडीएम सदर प्रत्यूष पांडे ने बताया कि दिसंबर में इसकी शिकायत मिली थी। इसके बाद इस पूरे मामले की जांच कराई गई। तहसीलदार के नेतृत्व में टीम गठित की थी। पैमाइश में स्कूल के अंदर सरकारी चकरोड निकला। जिस पर टीम को भेजकर अतिक्रमण हटवा दिया गया। इस मामले में एफआईआर दर्ज नहीं कराई गई है। वरिष्ठ अफसरों को मामले की रिपोर्ट भेजी गई है। स्कूल के प्रबंधक राजेश चिक्कर ने बताया कि उन्होंने कोई सरकारी जमीन पर कब्जा नहीं किया था। उनके अधिकार क्षेत्र में कोई सरकारी चकरोड नहीं है।