14 फ़रवरी 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

चार बच्चों को फेंक कर मां टांके में कूदी, विवाहिता बची, सभी मासूम डूब गए

महिला ने अपने चार बच्चों को एक-एक बार टांके में फेंक दिया और खुद भी कूद गई। हादसे में मां बच गई और चारों बच्चों की डूबने से मौत हो गई। मामले में सास-बहू के बीच आए दिन झगड़ा कारण बताया जा रहा है।

less than 1 minute read
Google source verification
crime case

बाड़मेर जिला अस्पताल परिसर में विलाप करती परिजन।

बाड़मेर के निकटवर्ती शिवकर गांव के धने का तला में रविवार को सनसनीखेज घटना सामने आई। एक महिला ने अपने चार बच्चों को एक-एक बार टांके में फेंक दिया और खुद भी कूद गई। हादसे में मां बच गई और चारों बच्चों की डूबने से मौत हो गई। मामले में सास-बहू के बीच आए दिन झगड़ा कारण बताया जा रहा है।

बच्चों के चिल्लाने पर पड़ोसी और परिजन पहुंचे

पुलिस के अनुसार धने का तला शिवकर निवासी 35 साल की हेमादेवी पत्नी पुखराज ने अपने चार बच्चों दो लड़कियां और दो लडक़ों को घर के बाहर की तरफ बने पानी के टांके में फेंक दिया और फिर खुद ने छलांग लगा ली। बच्चों के चिल्लाने पर पड़ोसी और परिजन पहुंचे और पांचों को बाहर निकालकर जिला अस्पताल पहुंचाया। पुलिस ने बताया कि हादसे में विवाहिता की पुत्री संजू (9), मंजू (11) व पुत्र कृष्ण (7) व दिनेश (5) को जिला अस्पताल लाने पर चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। चारों शवों को मोर्चरी में रखवाया गया है।

बच्चे डूबे, मां बच गई

पुलिस के अनुसार चारों बच्चे पानी से भरे टांके में डूब गए। लोगों ने टांके से निकालकर सभी को अस्पताल पहुंचाया। लेकिन चार बच्चों की तब तक मौत हो चुकी थी। वहीं विवाहिता को बचा लिया गया। हादसे के वक्त बच्चों का पिता मजदूरी करने बाहर गया था। विवाहिता, बच्चे और सास ही घर पर थे।