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38 साल में भी नहीं हुआ रैफरल व ट्रोमा सेंटर खुलने का सपना पूरा

एकमात्र चिकित्सालय जो ऊपरमाल के 100 गांव का केंद्र

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38 साल में भी नहीं हुआ रैफरल व ट्रोमा सेंटर खुलने का सपना पूरा

38 साल में भी नहीं हुआ रैफरल व ट्रोमा सेंटर खुलने का सपना पूरा

भीलवाड़ा।
जिले के बिजौलियां कस्बे के राजकीय चिकित्सालय का रैफरल में क्रमोन्नत होने का सपना 38 वर्ष में भी पूरा नहीं हो पाया और ट्रोमा सेंटर खुलने का भी सपना अधूरा रह गया। उपखंड क्षेत्र का एकमात्र चिकित्सालय जो ऊपरमाल के 100 गांव का केंद्र है। फिर भी किसी सरकार ने इसे क्रमोन्नत करने पर ध्यान नहीं दिया। 19 जून 1983 में इस चिकित्सालय पर रैफरल का बोर्ड तो लग गया, लेकिन आज तक यह रैफरल में क्रमोन्नत नहीं हो पाया। इस अस्पताल की भौगोलिक स्थिति भी बड़ी विचित्र है। एक तरफ जर्जर अवस्था में पुरानी बिल्डिंग है दूसरी तरफ विद्यालय भवन की घास-फूस वाली बिल्डिंग है। पीछे की तरफ पानी का एक कुंड है। इसमें दिनभर मच्छर उड़ते रहते हैं। इस चिकित्सालय में दानदाताओं ने भूमि व भवन में भी सहयोग दिया है और वार्ड भी गोद ले रखे है। कहीं दानदाताओं ने उपकरण पंखे फर्नीचर बेडशीट टीनशेड आदि सामग्री भी दान दी है और अब भी दे रहे हैं। अभी कोरोना का हाल में 20 ऑक्सीजन मीटर मशीनें भी दी है। इस चिकित्सालय में रोजाना 300 से अधिक रोगी उपचार के लिए आते हैं और 30 से अधिक रोगी बेड पर वार्ड में भर्ती रहते हैं। इस चिकित्सालय में ऊपरमाल के अलावा खेराड़ व बूंदी जिले के डाबी क्षेत्र से भी रोगी उपचार के लिए आते हैं। रोजाना 7 से 8 डिलीवरी केस यहां पर होते हैं। कहने को तो इस चिकित्सालय में 9 चिकित्सक हैं, लेकिन उनके बैठने की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है। सर्जन है, लेकिन ब्लड बैंक की व्यवस्था न होने से ऑपरेशन थिएटर चालू नहीं हो पा रहा है। चिकित्सक के रहने के लिए भी पर्याप्त आवास नहीं है। पीछे की तरफ जो आवास बने हैं, उनमें भी कबाड़ भरा है और उनका उपयोग नहीं हो पा रहा है। अस्पताल में एक एंबुलेंस सांसद व विधायक कोष से है, लेकिन उसमें चालक नहीं है। इससे उनका उपयोग आपातकालीन स्थिति में नहीं हो पाता। खनन क्षेत्र होने वह राष्ट्रीय राजमार्ग 27 होने से आए दिन दुर्घटनाएं होती रहती है। घायलों को पर्याप्त उपचार भी समय पर नहीं मिल पाता है। सोनोग्राफी मशीन भी इस चिकित्सालय में नहीं है। चिकित्सा प्रभारी डॉ अंसार खान का कहना है कि यह चिकित्सालय 50 बेड में क्रमोन्नत हो जाए तो सारी सुविधाएं आसानी से उपलब्ध हो सकती है। बिजोलिया ब्लॉक कांग्रेस के संगठन महामंत्री सत्यनारायण शर्मा का कहना है कि इसके क्रमोन्नत कराने के लिए राज्य सरकार से पूरे प्रयास किए जाएंगे।

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