बीना रिफायनरी में केंद्र ने कई साल से लंबित चल रहे कार्यों को हरी झंडी दी,एथिलीन क्रेकर प्रोजेक्ट, डाउनस्ट्रीम पेट्रोकेमिकल प्लांट और पवन ऊर्जा संयंत्र लगेंगे
भोपाल. मध्यप्रदेश के औद्योगिक विकास के लिए केंद्र ने अहम कदम उठाया है। इससे हजारों युवाओं को नौकरियां मिलेंगी या उनके रोजगार की राह खुलेगी। एमपी के बीना में 3 बड़े प्रोजेक्ट्स स्थापित होंगे। केन्द्र सरकार ने बीना ऑयल रिफायनरी में इन प्रोजेक्ट के लिए मंजूरी दे दी है।
ऑयल रिफायनरी में एथिलीन क्रेकर प्रोजेक्ट, डाउनस्ट्रीम पेट्रो-केमिकल प्लांट और एक पवन ऊर्जा संयंत्र को मंजूरी - बीना ऑयल रिफायनरी में एथिलीन क्रेकर प्रोजेक्ट, डाउनस्ट्रीम पेट्रो-केमिकल प्लांट और एक पवन ऊर्जा संयंत्र को मंजूरी दी गई है। देश की 12 महारत्न कंपनियों में शामिल बीपीसीएल (भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड) की बोर्ड बैठक में 3 परियोजनाओं को मंजूरी मिली।
49 हजार करोड़ रुपए के निवेश से पेट्रो केमिकल उत्पाद और क्षमता विस्तारण का कार्य - बीपीसीएल बीना ऑयल रिफायनरी में लगभग 49 हजार करोड़ रुपए के निवेश से पेट्रो केमिकल उत्पाद और क्षमता विस्तारण का कार्य करेगी। 489 करोड़ रुपए से 50 मेगावॉट क्षमता की पवन ऊर्जा परियोजना की शुरुआत होगी। साथ ही एथिलीन क्रेकर परियोजना और डाउनस्ट्रीम पेट्रो-केमिकल प्लांट लगने से क्षेत्र ही नहीं, पूरे प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने में मदद मिलेगी।
बीना रिफाइनरी में पेट्रो कैमिकल्स हब बनाने की मंजूरी मिलना बीना के लिए बहुत बड़ी सौगात है। यहां पेट्रो कैमिकल्स का निर्माण जल्द शुरू होगा।
ऐसे समझिए प्रोजेक्ट के लाभ
1. बीना रिफाइनरी में पेट्रो कैमिकल्स बनाने से यह इलाका पेट्रो कैमिकल्स हब के रूप में विकसित हो जाएगा। यह युवाओं के लिए तो वरदान साबित होगा।इससे कम से कम 50 हजार लोगों को प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से रोजगार मिलेगा।
2. पेट्रो कैमिकल्स से प्लास्टिक की पूर्ति भी होगी। सहयोगी चीजों ग्रीस, डामर, ऑयल आदि के प्लांट के लिए कई कंपनियां आगे आएंगी। इससे भी रोजगार के अवसर बढेगें।
3. पवन ऊर्जा परियोजना की शुरुआत से ऊर्जा के परम्परागत स्रोतों पर निर्भरता कम होगी।
4. एथिलीन क्रेकर परियोजना से भी क्षेत्र ही नहीं बल्कि पूरे प्रदेश में निवेश के साथ रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।