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बोदरी नपं के आठ पार्षदों ने कलक्टर को दिया अपना इस्तीफा

जिले की बोदरी नगर पंचायत में अध्यक्ष, उपाध्यक्ष व सीएमओ द्वारा किए जा रहे भ्रष्टाचार के खिलाफ कोई कार्रवाई न किए जाने से नाराज

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istifa dene wale parshad

जिले की बोदरी नगर पंचायत में अध्यक्ष, उपाध्यक्ष व सीएमओ द्वारा किए जा रहे भ्रष्टाचार के खिलाफ कोई कार्रवाई न किए जाने से नाराज

बिलासपुर. जिले की बोदरी नगर पंचायत में अध्यक्ष, उपाध्यक्ष व सीएमओ द्वारा किए जा रहे भ्रष्टाचार के खिलाफ कोई कार्रवाई न किए जाने से नाराज यहां के 8 पार्षदों ने सोमवार को कलक्टर को अपना इस्तीफा दे दिया। बोदरी नगर पंचायत में कांग्रेस का अध्यक्ष व भाजपा का उपाध्यक्ष है। जबकि इस्तीफा देने वाले पार्षदों में दो कांग्रेस व निर्दलीय और 6 पार्षद भाजपा के हैं। यहां आप को बताते चलें कि जिले का बोदरी क्षेत्र भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष धरमलाल कौशिक और हाउसिंग बोर्ड के अध्यक्ष भूपेंद्र सावन्नी का है।

सोमवार को कलक्टर जन दर्शन में बोदरी नगर पंचायत के आठ पार्षद पहुंचे। उन्होंने बताया कि यहां पर कांग्रेस नेता दिवाकर दुबे की पत्नी अंजू दुबे अध्यक्ष है। लेकिन वह अक्सर अपने घरपर ही रहतीं हैं। उनके बदले नगर पंचायत का पूरा काम उनके पति द्वारा ही किया जाता है। अध्यक्ष के पति के हस्ताक्षेप से नगर पंचायत में अराजकता की स्थिति निर्मित हो रही है।

अध्यक्ष पति चला रहा नपं
कलक्ट्रेड आए पार्षदों ने बताया कि अध्यक्ष, उपाध्यक्ष व सीएमओ राकेश शर्मा ने मिलकर नगर पंचायत का पूरा भ_ा बैठा दिया है। नियमानुसार हर दो महीने में नगर पंचायत में एक बार सामान्य सभा की बैठक होनी चाहिए, लेकिन पिछले एकसाल से एक भी बैठक बुलाई गई है। इतना ही नहीं नपं की प्रेसिडेंट इन काउंसिल को 10 लाख रुपए तक के कार्य स्वीकृत करने का अधिकार है, लेकिन यहां पर यह 20 लाख , 30 लाख रुपए तक के कार्य अपनी मनमर्जी से स्वीकृत करवाकर भ्रष्टाचार कर रहे हैं।

इन्होंने दिया इस्तीफा
इस्तीफा देने वाले पार्षदों में कांग्र्रेस के विनय वर्मा, निर्दलीय इंद्र कुमार भोजवानी और भाजपा की सावित्री गोस्वामी, ऊषा अशोक मोहानी, हीरालाल लोधी, रामेश्वर धु्रव, दीपक वर्मा और जमुना बाई खुसरो शामिल हैं। पार्षदों ने बताया कि नगर पंचायत में हो रहे भ्रष्टाचार की शिकायत कई बार धरमलाल कौशिक सहित अन्य नेताओं से की जा चुकी है, लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है।

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