छतरपुर. 12वीं में जिले के 16 छात्रों ने मप्र की मेरिट सूची में जगह बनाई है। माध्यमिक शिक्षा मंडल ने शासकीय और अशासकीय स्कूलों के परिणाम को अलग-अलग जारी नहीं किया है, लेकिन प्रदेश और जिले के की मेरिट सूची शासकीय स्कूलों की तुलना में शासकीय स्कूलों के छात्रों का दबदबा रहा है। प्रदेश की मेरिट सूची में जिले के 16 छात्र शामिल रहे। इनमें से जहां 6 छात्र निजी स्कूलों के रहे तो वहीं 10 छात्र शासकीय स्कूलों के हैं। इसी प्रकार से जिले को मेंरिट सूची में 20 छात्रों ने जगह बनाई है। इनमें से भी 14 छात्र शासकीय स्कूलों के हैं। एक्सीलेंस हायर सेकंडरी स्कूल छत्तरपुर के छात्रों का मेरिट सूची में दबदबा रहा। प्रदेश की मेरिट सूची में सबसे अधिक 8 छात्र एक्सीलेंस हायर सेकंडरी स्कूल छतरपुर के हैं। इसी प्रकार से जिले की मेरिट सूची में 7 छात्रों ने जगह बनाई है।
4 साल में 12वीं का सबसे खराब रिजल्ट
जिले में कक्षा 12 वीं के परिणाम में वर्ष 2020 के बाद से गिरावट दर्ज की जा रहीं है। वर्ष में 2020 में 18608 परीक्षार्थियों का परिणाम घोषित किया गया था। इसमें 71.51 फीसदी छात्र पास हो गए थे। वर्ष 2021 में 19667 छात्रों ने परीक्षा दी थी। कोविंड के कारण 2021 में सभी छात्रों को पास कर दिया गया था। इस कारण से रिजल्ट 100 फीसदी दर्ज किया गया था। वहीं वर्ष 2022 में 18449 छात्र परीक्षा में शामिल हुए थे। इसमें से 67.37 फीसदी छात्र पास हुए थे। अब 2023 में परिणाम गिरकर 59.94 फीसदी दर्ज किया गया है।
दसवीं के रिजल्ट में आया सुधार
10वीं कक्षा में 67.32 प्रतिशत छात्र और 71.37 प्रतिशत छात्राएं हुईं पास इसमें बालकों के उत्तीर्ण होने का प्रतिशत 67.32 और बालिकाओं का प्रतिशत 71.37 रहा। पिछले सालों की तुलना में कक्षा दसवीं के परीक्षा परिणाम में सुधार हुआ है। वर्ष 2020 में कक्षा 10वीं के 27462 छात्रों का परीक्षा परिणाम घोषित किया गया था। इनमें से 56.45 फीसदी छात्र पास हुए थे। इसके बाद वर्ष 2021 में 29571 छात्रों ने परीक्षा दी थी। कोरोना के कारण सभी छात्रों को पास कर दिया गया था। इस कारण 2021 में रिजल्ट 100 फीसदी रहा था। वहीं वर्ष 2022 में 32 हजार 624 छात्रों का परिक्षा परिणाम घोषित किया गया था। पिछले साल 50 फीसदी से कम मात्र 46.27 फीसदी छात्र ही परीक्षा में पास घोषित किए गए थे, जबकि इस साल बढ़कर 69.21 फीसदी छात्र परीक्षा में पास हुए हैं।