script5000 mobile numbers on police radar in Haldwani violence case 500 houses raided 27 people arrested | बनभूलपुरा हिंसा: पुलिस के रडार पर 5000 मोबाइल नंबर, 500 घरों में छापेमारी, 27 लोगों की गिरफ्तारी | Patrika News

बनभूलपुरा हिंसा: पुलिस के रडार पर 5000 मोबाइल नंबर, 500 घरों में छापेमारी, 27 लोगों की गिरफ्तारी

locationदेहरादूनPublished: Feb 13, 2024 12:51:03 pm

Submitted by:

Anand Shukla

Haldwani Violence: हल्द्वानी हिंसा मामले में मोबाइल नेटवर्क ट्रेसिंग की मदद से पुलिस हिंसा फैलाने वाले संदिग्धों की तलाश कर रही है। पुलिस की जांच में लगभग 5000 हजार मोबाइल नंबर रडार पर हैं।

haldwani_volience_update.jpg
Haldwani Violence: हल्द्वानी में हुई हिंसा के बाद पुलिस की कार्यवाही और तेज हो गई है। पुलिस ने गिरफ्तार किए गए 25 उपद्रवियों को गिरफ्तार सेशन कोर्ट में पेश किया, जहां से सभी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इन सभी पर दंगा भड़काने, पुलिस थाने में आग लगाने, पुलिस पर फायरिंग, थाने में घुसकर हथियार लूट के आरोप हैं।
वहीं दूसरी तरफ बनभूलपुरा हिंसा मामले में गिरफ्तार मास्टरमाइंड अब्दुल मलिक से अब प्रशासन इस हिंसा में हुए नुकसान की भरपाई करने वाला है। इस हिंसा में 6 करोड़ का नुकसान हुआ है जिसकी भरपाई अब अब्दुल मलिक से की जाएगी। इसके लिए अब नगर निगम ने अब्दुल मलिक को नोटिस जारी किया है। नोटिस में 2 करोड़ 55 लाख 52 हजार 500 रुपए का वसूली का जिक्र है।
पुलिस के रडार पर 5000 हजार मोबाइल नंबर
इसके अलावा पुलिस अब बनभूलपुरा में हुई हिंसा के मामले में मोबाइल नेटवर्क ट्रेसिंग की मदद से हिंसा फैलाने वाले संदिग्धों की तलाश कर रही है। पुलिस की जांच में लगभग 5000 हजार मोबाइल नंबर संदेह के घेरे में है।
इसके साथ ही पकड़े गए उपद्रवियों और नामजद लोगों की कॉल डिटेल और व्हाट्सएप डिटेल खंगाली जा रही है। हिंसा वाले दिन क्षेत्र में कितने और कौन-कौन से मोबाइल नंबर सक्रिय थे, इसकी भी जांच की जा रही है। यहां तक कि उन नंबरों से कहां और किन राज्यों में फोन कॉल किए गए, इसका भी पता लगाया जा रहा है।
25 आरोपियों के मोबाइल रिकॉर्ड को खंगाल रही पुलिस
सूत्रों के मुताबिक कई लोग ऐसे हैं जिनकी लोकेशन उपद्रव के बाद बनभूलपुरा से बाहर की मिली है। पुलिस ने अब तक गिरफ्तार हुए 25 आरोपियों के मोबाइल रिकॉर्ड भी खंगालने शुरू कर दिए हैं। एसएसपी प्रहलाद नारायण मीणा ने बताया कि तकनीक की मदद से जांच की जा रही है।

ट्रेंडिंग वीडियो