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दहेज में नहीं मिली कार तो ससुरालवालों ने पार की हैवानियत की हद, बहू को कमरे में बंद कर…

23 अप्रैल 2017 को हुई थी शादी, शादी के एक महीने बाद...

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दहेज

देवरिया. उत्तर प्रदेश के देवरिया जनपद में दहेज के दानवों का एक क्रूर चेहरा सामने आया है । शादी के एक महीने बाद एक अदद इनोवा कार की मांग को लेकर नव विवाहिता बहु को ससुरालियों द्वारा प्रताड़ित किए जाने का एक ऐसा मामला सामने आया जिसे जानकर पूरी मानवता ही शर्मसार होती दिखी ।

मिली जानकारी के अनुसार जिले के बरहज थाना क्षेत्र का परसिया तिवारी गांव के भूतपूर्व सैनिक मालकेश्वर तिवारी ने अपनी बेटी प्रेमशीला की शादी के सपने सजोये। रामपुर कारखाना थाना क्षेत्र के गोरयाघाट निवासी घनश्याम मिश्रा के साथ 23 अप्रैल 2017 को बड़े ही धूम धाम से की। घनश्याम पेशे से एल आई सी गाजियाबाद में कैशियर के पद पर कार्यरत हैं। दान दहेज़ की पूरी प्रक्रिया करने के बाद बेटी को विदा कर पिता मालकेश्वर निश्चिन्त हो गये।

शुरू के एक महीने तक प्रेमशीला को ससुराल में बेटी की तरह रखा गया और फिर शुरू हुआ दहेज़ के दानवों का खेल, जिसे देख किसी की भी रूह काँप जाएगी। एक महीने बीत जाने के बाद प्रेमशीला के पिता पर एक इनोवा कार खरीद कर देने का दबाव ससुराल के लोगों ने शुरू कर दिया। जब पिता मालकेश्वर ने अपनी मज़बूरी का हवाला देते हुये कार नहीं दें पाने की असमर्थता जाहिर की तो ससुराल के लोगों ने प्रेमशीला के मायके वालो से धीरे धीरे दुरी बनाना शुरू कर दिया, और प्रेमशीला को हर बात पर ताने और मारने पीटने का दौर शुरू कर दिया। हद तो तब हो गई जब उसे परिवार के लोगों से बातें तक नहीं करने दिया जाता था, जब इन सब से भी मन नहीं माना तो प्रेमशीला को एक टूटे फूटे कमरे में एक महीने तक बंद कर दिया गया न ही उसे समय से खाना मिलता न ही उसे पानी। प्रेमशीला अपने इस दर्द को लेकर किसी तरह जीने को मजबूर थी, आँखों के आसू पूरी तरह से सुख चुके थे। उसे मौका तब मिला जब पड़ोस के किसी महिला ने उसकी मदद की, फोन द्वारा अपने पर हो रहे अत्याचार के बारे में जब उसने परिवार वालों को बताया तो परिजनों के पैरों तले से जमीन खिसक गई।

आनन फानन में पुलिस की मदद लेकर प्रेमशीला को दहेज़ दानवों के चुंगल से छुड़वाया गया। प्रेमशीला की गम्भीर हालत को देखते हुये परिजन उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया जहां उसका उपचार चल रहा है। इस मामले पर पुलिस अधीक्षक राकेश शंकर से बात की तो उनका कहना था कि पुलिस को इस घटना की सूचना मिली तो तत्काल ही रेस्क्यू ऑपरेशन कराया गया और पीड़िता को मुक्त करा दिया है। मामले में पीड़िता की हालत को देखते हुए उसे उसके मायके वालों ने अस्पताल में भर्ती करवाया है और मामले की पड़ताल की जा रही है।

BY- S.P. RAI