22 अप्रैल 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

डीडीयू ने चार छात्रों को किया निलंबित, कैंपस में प्रवेश पर रोक

मुख्य नियंता के घर पर पथराव के मामले में पांच नामजद सहित दर्जनों छात्रों पर गंभीर केस हुआ था दर्ज

2 min read
Google source verification
DDU convocation

डीडीयू

गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के चीफ प्राक्टर के घर पर पथराव के मामले में विवि ने कार्रवाई की है। मामले में नामजद चार छात्रों को विवि ने निलंबित कर दिया है। इनके कैंपस में आने पर भी रोक लगा दिया गया है। पथराव की घटना के बाद चीफ प्राक्टर की तहरीर पर हाॅस्टल में रहने वाले दर्जनों छात्रों के खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज भी हुआ है।
शनिवार को विवि ने नामजद एलएलबी तीसरे साल के छात्र जितेंद्र मणि त्रिपाठी निवासी देवरिया, एलएलबी तीसरे साल के ही प्रियेश रंजन मालवीय निवासी देवरिया, एलएलबी सेकेंड ईयर के प्रणव द्विवेदी निवासी गोरखपुर, एलएलबी सेकेंड ईयर के सुमित राय को निलंबित कर दिया है।

यह है पूरा मामला

आए दिन ओवरलोड की वजह से गोरखपुर विवि के हाॅस्टल का ट्रांसफार्मर जल रहा। मंगलवार को बिजली विभाग ने ट्र्रांसफार्मर बदलवाया लेकिन अगले दिन बुधवार को यह ट्रांसफार्मर भी जल गया। शाम से ही छात्र बिजली कटने की शिकायत करते रहे लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। देर रात तक जब बिजली आपूर्ति बहाल कराने के लिए कोई कदम नहीं उठाया गया तो छात्रों का गुस्सा सातवें आसमान पर चढ़ गया।
छात्रों ने सड़क जाम कर दिया। छात्रों के इस हरकत पर मुख्य नियंता ने पुलिस बुला ली। मौके पर एसपी सिटी विनय कुमार सिंह, सीओ प्रवीण सिंह सहित पुलिस बल पहुंच गया। सबने छात्रों को समझाने का प्रयास शुरू किया। बिजली आपूर्ति जल्द से जल्द बहाल कराने की कोशिश किए जाने का आश्वासन देकर उनको वापस भेज दिया। इसी बीच कुछ उत्पाती छात्र मुख्य नियंता के आवास तक पहंुच गए और पथराव कर दिया। मुख्य नियंता ने आरोप लगाया कि छात्रों ने उनके घर पर चार राउंड फाॅयरिंग भी की। हालांकि, पुलिस फाॅयरिंग की किसी भी घटना से इनकार किया था। हालांकि, मुख्य नियंता प्रो.गोपाल प्रसाद की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी छात्रों को पकड़ने के लिए हाॅस्टल में दबिश भी दी। कईयों से पूछताछ भी की गई।

चीफ प्राक्टर ने दी थी तहरीर

चीफ प्राक्टर प्रो.गोपाल प्रसाद ने कैंट थाने में तहरीर देकर छात्रों के एक गुट पर बुधवार की देर रात में अपने घर पर पथराव व तोड़फोड़ का आरोप लगाया था। तहरीर में बताया गया कि उपद्रवियों ने जब मुख्य नियंता के घर पर धावा बोला तब उनकी पत्नी व बेटी अकेली थीं। सुरक्षाकर्मी ने अराजक छात्रों को रोकने की कोशिश की लेकिन वह नहीं माने। उनकी गाड़ी भी क्षतिग्रस्त करने की कोशिश की गई। मुख्य नियंता की तहरीर पर कार्रवाई करते हुए कैंट पुलिस ने प्रणव द्विवेदी, प्रियेश मालवीय, जितेंद्र मणि, सुमित राय, अतुल समेत 55 छात्रों के खिलाफ हत्या के प्रयास, तोड़फोड़, मारपीट आदि गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर लिया है।

बड़ी खबरें

View All

गोरखपुर

उत्तर प्रदेश

ट्रेंडिंग