
ग्वालियर। इंडियन ओवरसीज बैंक की पुरानी छावनी शाखा में मंगलवार को कट्टों की दम पर डकैती की कोशिश करने वाले तीनों लुटेरों का पता अब तक नहीं चल सका है। बैंक से निकल कर लुटेरे किस रास्ते से भागे हैं, ७२ घंटे बाद भी पुलिस माथापच्ची में है। अपराधियों के मूवमेंट पर नजर रखने के लिए ६२५ चौराहों पर पुलिस ने कैमरे भी टांग रखे हैं। लेकिन किसी में लुटेरों के भागना रिकार्ड नहीं हुआ है।
घटना के बाद से पुलिस मान रही है कि लुटेरे लोकल हैं। उनकी पहचान के लिए मुखबिर भी फिट किए हैं,लेकिन किसी से ठोस टिप नहीं मिली है। अब क्राइम ब्रांच भी लुटेरों की तलाश में लगाई गई है।
पुलिस सूत्रों का कहना है तीनों लुटेरों की तलाश चैलेंज बन चुकी है। इसलिए सारे पैंतरे अपनाए जा रहे हैं। मंगलवार को बैंक में पहले एक लुटेरा अकेला घुसा था। करीब ५ मिनट तक बैंक में बैठकर कर्मचारियों का मूवमेंट देखता रहा।
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बैंक के सीसीटीवी फुटेज में दिखा है कि उसने मोबाइल भी ऑपरेट किया था। इसलिए पीएसटीएन डाटा की मदद भी ली जाएगी।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इससे पता चलेगा कि मंगलवार दोपहर को इंडियन ओवरसीज बैंक और उसके आसपास कितने मोबाइल ऑपरेट हुए हैं। उधर पुरानी छावनी टीआई प्रीति भार्गव का कहना हे कि लुटेरों के बारे में कुछ टिप मिले हैं, उनकी तस्दीक की जा रही है।
Published on:
21 Apr 2018 05:20 pm

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