हनुमानगढ़. जिला मुख्यालय पर रीको क्षेत्र स्थित राघव इंडस्ट्रीज में अवैध रूप से भंडारित करीब 70 हजार क्विंटल गेहूं मिलने के बाद इसकी जांच शुरू कर दी गई है।
हनुमानगढ़. जिला मुख्यालय पर रीको क्षेत्र स्थित राघव इंडस्ट्रीज में अवैध रूप से भंडारित करीब 70 हजार क्विंटल गेहूं मिलने के बाद इसकी जांच शुरू कर दी गई है। जिला कलक्टर कानाराम के निर्देश पर गठित टीम ने प्रारंभिक जांच पूरी कर ली है। इसकी रिपोर्ट तैयार करके गुरुवार को कलक्टर को सौंप दी गई। इसमें बताया गया है कि जांच के दौरान बंद फैक्ट्री में जो गेहूं मिला है, उसमें 5657 थैले भारतीय खाद्य निगम के हैं। इसके अलावा मौके पर एफसीआई के मार्ग लगे 1500 थैले भी मिले हैं। जांच के दौरान मौके पर कोई व्यापारी नहीं मिला जो अपनी आढ़त में गेहूं के आने की जिम्मेदारी ले। एफसीआई अधिकारी भी प्रथम दृष्टया इस गेहूं को अपने स्तर पर खरीदने से इनकार कर रहे हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर उक्त गेहूं किसके कहने से तथा किस आधार पर यहां रखा गया। आखिर इस गेहूं के यहां भंडारित करने के पीछे क्या कारण रहे होंगे, इसकी पड़ताल की जा रही है। जांच जारी रहने तक मंडी समिति की ओर से उक्त गेहूं की निगरानी के लिए फैक्ट्री में स्टॉफ को तैनात कर दिया गया है। इस मामले में दो दिन पहले व्यापारियों की ओर से शिकायत की गई थी। इसमें बताया गया था कि जंक्शन मंडी में गेहूं का उठाव नहीं हो रहा है। जबकि बाहरी क्षेत्रों में फैक्ट्रियों में बिना अनुमति उठाव किया जा रहा है। जंक्शन मंडी समिति पंडित विष्णुदत्त शर्मा ने इस मामले से जिला कलक्टर को अवगत करवाया। कलक्टर के निर्देश पर पांच सदस्यों टीम गठित की गई। इसके बाद उक्त टीम ने बुधवार शाम को उक्त फैक्ट्री में जाकर जांच शुरू की। इस दौरान चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। इसकी पुष्टि करने में अधिकारी लगे हुए हैं।
मनमर्जी से बारदाना वितरण
जंक्शन क्षेत्र में उक्त फैक्ट्री में जांच के दौरान फैक्ट्री संचालक या इसका कोई स्टॉफ नहीं मिला। इस दौरान एफसीआई के गुणवत्ता निरीक्षक को मौके पर बुलाया गया। इस दौरान एफसीआई अधिकारियों ने कयास लगाए कि बरसात की वजह से आढ़तियों की ओर से इस परिसर में गेहूं खाली किया गया हो। संबंधित ठेकेदार की ओर से मनमाने तरीके से बारदाना वितरित करने की बातें भी सामने आई। उक्त फैक्ट्री में गेहंू भंडारित करने को लेकर ठेकेदार को नोटिस भी जारी करने की बातें सामने आ रही है। जंक्शन मंडी में तैनात एफसीआई के गुणवत्ता निरीक्षक दुष्यंत कुमार के अनुसार उक्त फैक्ट्री हमने भंडारण के लिए अनुबंधित नहीं की है। उक्त गेहूं किसका है, हमें इस बारे में पता नहीं है।