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दोस्त की भाभी पर आ गया दिल, पाने के लिए पति को बीच सडक़ मार दी गोली

दोस्त की भाभी पर आ गया दिल, पाने के लिए पति को बीच सडक़ मार दी गोली

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beautiful friends wife love story,

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जबलपुर। गढ़ा थानांतर्गत शारदा चौक पर 12 अगस्त की देर रात सिरफिरे ने टैटू पार्लर के संचालक अंकित चंडोक की गोली मारकर हत्या की थी। गाजियाबाद निवासी बदमाश ने दो दोस्तों के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

गढ़ा हत्याकांड का खुलासा : गाजियाबाद के तीन युवक गिरफ्तार
दो दोस्तों के साथ मिलकर सिरफिरे ने की थी टैटू दुकान संचालक की हत्या
पुलिस के अनुसार टैटू दुकान संचालक अंकित चंडोक (35) 12 अगस्त की रात भी दुकान से लौटकर मोपेड से गाय को सब्जी-बिस्किट खिलाने के लिए शारदा चौक गया था। इसी दौरान बदमाशों ने गोली मारकर उसकी हत्या कर दी। हत्यारों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने घटनास्थल के आस-पास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। उत्तर प्रदेश की कार (डीएल-9, सीआर 5292) में हत्यारों के होने की जानकारी मिली। यूपी पुलिस की मदद से कार को ढूंढ़ा गया। पूछताछ में पता चला कि गाजियाबाद के मोदीनगर थाना क्षेत्र के गोविंदपुरी चौकी अंतर्गत सुचेतापुरी निवासी उत्कर्ष मिश्रा (24) दो दोस्तों के साथ जबलपुर गया था। पुलिस ने तीनों को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की तो पता चला कि उत्कर्ष अंकित की पत्नी से एकतरफा प्रेम करता था। उसने अंकित की हत्या की साजिश रची। उत्कर्ष गाजियाबाद मोदीनगर थाना के गोविंदपुरी चौकी के अंतर्गत संतपुरा निवासी मयंक अग्रवाल (30) और कृष्णापुरी निवासी दीपक कुमार छलेरिया (24) के साथ जबलपुर आया। रैकी के बाद सुनसान रास्ते में गोली मारकर अंकित की हत्या की और कार से पाटन, सागर होते हुए गाजियाबाद भाग गए।

डॉग शो में हुई थी पहचान
पुलिस के अनुसार साहिल जग्गी जो कि मृतक अंकित चंडोक का रिश्ते का भाई लगता है। साहिल जग्गी के साथ उत्कष मिश्रा वर्ष 2018 में जबलपुर में नागपाल गार्डन में आयजित डाॅग शो में गया था। जहाॅ मृतक की पत्नि भी सपरिवार गयी थी। डाॅग शो के दौरान मृतक की पत्नि की उत्कर्ष मिश्रा से जान पहचान हुई थी, तभी से मोबाईल पर दोनो की बात होती थी। उत्कर्ष मिश्रा जब कभी जबलपुर आता था, साहिल जग्गी के पास रूकता था।जबलपुर में रूकने के दौरान उत्कर्ष मिश्रा की मृतक अंकित की पत्नि से मुलाकात होती थी। लगातार मोबाईल पर बातचीत एवं जबलपुर मे रूकने के दोैरान मुलाकात के कारण उत्कर्ष मिश्रा, मृतक की पत्नि से प्यार करने लगा तथा यह सोच कर कि अंकित चंडोक को यदि रास्ते से हटा दिया तो अपने प्यार को पा लेगा।