सागर जिले का मामला, अवमानना मामले में सुनवाई
जबलपुर। मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने याचिकाकर्ता सफाईकर्मियों की सेवा पर यथास्थिति बरकरार रखने संबंधि पूर्व आदेाश की अवमानना याचिका को गंभीरता से लिया है। इस मामले में सीएमएचओ, सागर ममता तिमोरी व सिविल सर्जन ज्योति चौहान को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया। इसी के साथ आउटसोर्सिंग कंपनी के ठेकेदार धर्मवीर सेंगर से भी जवाब-तलब किया गया है।
न्यायाधीश नंदिता दुबे की एकलपीठ के समक्ष सुनवाई के दौरान अवमानना याचिकाकर्ता सफाई कर्मियों की ओर से अधिवक्ता रामेश्वर ङ्क्षसह ठाकुर व अंजनी कुमार ने पक्ष रखा। उन्होंने बताया कि अवमानना याचिकाकर्ता विगत 15 वर्ष से दैनिक वेतनभोगी सफाई कर्मी बतौर सेवा दे रहे थे। वे पूर्व में श्रम न्यायालय की शरण में गए थे। जहां से उनके पक्ष में राहतकारी आदेश पारित हुआ था। इसके बावजूद सीएमएचओ ने अवैधानिक तरीके से उनकी सेवाएं आउटसोर्सिंग कंपनी को हस्तांतरित कर दीं। इस मामले में पूर्व में याचिका दायर की गई थी। जहां हाई कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं की सेवा पर यथास्थिति बरकरार रखने का अंतरिम आदेश सुनाया था।