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Rakshabandhan Muhurt : रक्षाबंधन पर भद्रा का साया, दोपहर इतने बजे के बाद बंधेगी राखी

भाई-बहन के पवित्र प्रेम का पर्व रक्षाबंधन 19 अगस्त को मनाया जाएगा। इस बार रक्षाबंधन पर सर्वार्थ सिद्ध योग, रवि योग, शोभन योग, शश राजयोग के साथ श्रवण नक्षत्र भी रहेगा।

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Rakshabandhan pradosh kal muhurt

प्रदोषकाल में 2 घंटे है राखी बांधने का समय

Rakshabandhan Muhurt : भाई-बहन के पवित्र प्रेम का पर्व रक्षाबंधन 19 अगस्त को मनाया जाएगा। इस बार रक्षाबंधन पर सर्वार्थ सिद्ध योग, रवि योग, शोभन योग, शश राजयोग के साथ श्रवण नक्षत्र भी रहेगा। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, श्रवण नक्षत्र के स्वामी चंद्रमा हैं। चंद्रमा के स्वामी शिवजी हैं।

Rakshabandhan Muhurt : 90 वर्ष बाद 5 दुर्लभ योगों के संयोग में पड़ेगा पर्व, भाइयों की कलाई पर बहनें सजाएंगी स्नेह की डोर

सावन का सोमवार भी पड़ रहा है। 90 वर्षों बाद ये शुभ संयोग इस वर्ष राखी पर बन रहे हैं। इस शुभ संयोग में राखी बांधना अति शुभ माना जाता है। रक्षाबंधन पर पंचक के साथ-साथ सुबह से भद्रा का साया भी है। सोमवार से आरम्भ पंचक का रक्षाबंधन पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। वहीं दोपहर को भद्रा भी खत्म हो जाएगी। इसलिए दोपहर 1.30 बजे के बाद बहनें अपने भाइयों की कलाइयों को स्नेहसूत्र से सजा सकती हैं।

Rakshabandhan Muhurt : उदयातिथि से 19 अगस्त को

ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, श्रावण मास की पूर्णिमा तिथि 19 अगस्त को सुबह 3.4 बजे से प्रारंभ हो रही है, जो रात 11.55 बजे समाप्त हो रही है। ऐसे में राखी का पर्व 19 अगस्त को है।

Rakshabandhan Muhurt : राज पंचक में दोष नहीं

हर माह के 5 दिन ऐसे होते हैं, जिनमें कई तरह के शुभ और मांगलिक कार्यों को करने की मनाही होती है। इन्हें पंचक कहा जाता है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार अगस्त में पंचक का आरंभ श्रावण मास की पूर्णिमा यानी 19 अगस्त को शाम 7.1 बजे से होगा, जो 23 अगस्त रहेंगे। सोमवार के दिन शुरू होने के कारण ये राज पंचक होंगे। ऐसे में आप शुभ कार्यों को आसानी से कर सकते हैं। इसमें किसी प्रकार का दोष नहीं लगता है।

Rakshabandhan Muhurt : ये शुभयोग बन रहे

रक्षाबंधन पर सर्वार्थ सिद्धि योग सुबह 6.8 बजे से आरंभ हो रहा है, जो 8.10 बजे तक रहेगा। इसके साथ ही सूर्य अपनी स्वराशि सिंह राशि में होंगे। इसके साथ ही बुध और शुक्र सिंह राशि में रहकर लक्ष्मी नारायण योग, बुधादित्य और शुक्रादित्य योग का निर्माण कर रहे हैं। इसके साथ ही शनि शश नामक राजयोग का निर्माण कर रहे हैं।

Rakshabandhan Muhurt : वहीं रक्षाबंधन पर भद्रा के प्रारंभ होने का समय सुबह 5.53 बजे है। दोपहर 1.32 बजे तक भद्रा रहेगी। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार यह रक्षाबंधन पर सोमवार को आरम्भ होने के चलते राजभद्रा है, जो अशुभ नहीं मानी जाती, इसलिए रक्षाबंधन पर भद्रा का कोई असर नहीं होगा।