
terror of ravana made of underworld don, his girlfriend mandodari
जबलपुर. एक सिरफिरा आशिक जिस पर नाम कमाने का भूत सवार है। साथ ही वो सबसे खूंखार डॉन बनकर राज करना चाहता है। इसके लिए उसने खुद का नाम रावण और गर्लफ्रेंड का नाम मंदोदरी रख लिया। साथ ही रावण सेना भी बना ली। आतंक फैलाने के लिए उसने लोगों को मारना भी शुरू कर दिया। किंतु रावण की लंका पुलिस ने ढहा दी।
‘रावण सेना’ बना रहा था ढाबा संचालक की हत्या का आरोपी
गोसलपुर के बुढागर में 23 नवंबर की रात ढाबा संचालक ऋषि असाटी (26) की गोली मारकर की गई हत्या के फरार मास्टरमाइंड ऋषभ शर्मा और खाले मोहल्ला लोहारी निवासी आशीष काछी उर्फ राज पंडित को पुलिस ने इंदौर से गिरफ्तार किया है। हत्या के बाद दोनों को पूर्व में गिरफ्तार हो चुके अंचल नामदेव ने मुख्य रेलवे स्टेशन पर छोड़ा था। दोनों काशी ए?सप्रेस से प्रयागराज गए। एक दिन बाद दिल्ली फिर वहां से पंजाब गए। वहां 12 दिन रुकने के बाद वारदात में प्रयुक्त पिस्टल और कातूस बेचने के लिए इंदौर पहुंचे थे। दोनों आरोपी फर्जी पासपोर्ट से सिंगापुर भागने की फिराक में थे। आरोपियों के पास से दो पिस्टल, 18 कारतूस, दो मोबाइल और हत्या में प्रयुक्त तीन बाइक भी जब्त हुई है।
एसपी अमित सिंह और एएसपी रायसिंह नरवरिया ने बताया कि ऋषभ 2018 में अधारताल मे आ्र्स एक्ट में गिरफ्तार हो चुका है। आशीष काछी पर हत्या सहित पांच प्रकरण पहले से दर्ज हैं। दोनों सिकलीगरों से हथियार खरीद कर बेचते थे। क्राइम ब्रांच द्वारा एक महीने पहले अधारताल में आ्र्स से संबंधित खुलासे में भी ऋषभ का नाम सामने आया था। उसने सट्टा नाम से फेसबुक ग्रुप बना रखा था। इसके माध्यम से वह हथियार बेचता था। ऋषभ डॉन बनना चाहता था। उसने रावण सेना भी बनाई है। इसी नाम से उसने फेसबुक पेज भी बनाया है। इसमें लगभग पांच हजार फॉलोअर जुड़े हैं। वह अपनी प्रेमिका को मंदोदरी नाम से स्बोधित करता है। एसपी सिंह ने बताया कि ऋषीा के ग्रुप सें जुड़े लोगों की तस्दीक कर क्राइम रिकॉर्ड तैयार किया जा रहा है।
ये है घटना- 23 नव्बर की रात घर के सामने ढाबा संचालक ऋषि असाटी के सिर पर गोली मारकर हत्या की गई थी। इससे पहले उससे दो लाख रुपए की मांग की गई थी। ऋषि की पांच नव्बर को शादी होने वाली थी। पुलिस ने मामले में
मास्टरमाइंड ऋषभ शर्मा, आशीष काछी और अंचल नामदेव को आरोपी बनाया था। अंचल को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। हत्या के खुलासे में टीआई गोसलपुर सारिका पांडे, डीएसपी क्राइम देवेंद्र सिंह धुर्वे, एसआई सतीश तिवारी, सायबर सेल के आरक्षक आदित्य की मुख्य भूमिका रही।
Published on:
11 Dec 2019 01:03 pm
बड़ी खबरें
View Allजबलपुर
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
