इन्दिरा गांधी स्मार्टफोन योजना (आईजीएसवाई) में नि:शुल्क मिले मोबाइल फोन में शुक्रवार को धमाके के बाद आग लग गई। मोबाइल उपभोक्ता के घर में अलमारी में रखा था। पीड़िता ने मोबाइल की क्वालिटी को लेकर सवाल खड़े किए हैं।
अजमेर। कोटड़ा महाराणा प्रताप नगर निवासी अनुदेवी पत्नी गोविन्द यादव को आईजीएसवाई के पहले चरण में 23 जुलाई को जवाहर रंगमंच में स्मार्ट फोन मिला। उसने शुक्रवार सुबह मोबाइल को अलमारी में बैग में रख दिया। दोपहर में उसके बेटे ने बताया कि अलमारी से धुआं बाहर आ रहा है। अलमारी खोलते ही कमरे में धुआं भर गया। उसने पर्स व कपड़ों में लगी आग को बुझाया। आग बुझाने पर देखा तो सामने आया कि पर्स में मौजूद मोबाइल जलकर खाक हो चुका है। साथ ही पर्स में रखी नकदी, अलमारी में रखे कपड़े व फोन का चार्जर भी जल गया। घटना से पीड़ित परिवार दहशत में आ गया।
शॉर्ट सर्किट से लगी आग:
गोविन्द ने बताया कि मोबाइल की क्वालिटी बेहद हल्की है। इसमें संभवत: शॉर्ट सर्किट से आग लगी। उन्होंने बताया कि आग में मोबाइल के अलावा नकदी व कपड़े जलकर खाक हो गए। समय रहते अलमारी से धुआं बाहर निकलने से आग का जल्दी पता चल गया, वरना घर में बड़ी आगजनी हो जाती।
कौन करेगा नुकसान की भरपाई:
गोविन्द का कहना है कि मुफ्त मिले मोबाइल के साथ कपड़े और नकदी भी जल गई। इसकी भरपाई कौन करेगा। यहां तक कि पर्स भी जलकर खाक हो गया।