जयपुर। 1 अप्रैल यानी नए फाइनेंशियल ईयर की शुरुआत से प्रदेश के दो लाख आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को राहत मिलने जा रही है। उनका मानदेय आज से 15 फीसदी बढ़ गया है। राज्य सरकार ने कार्यकर्ता, सहायिका और शिशु पालना कार्यकर्ताओं का मानदेय बढ़ाए जाने का निर्णय लिया है। इससे सरकार पर हर साल तकरीबन 70 करोड़ रुपए का भार आएगा। आंगनवाड़ी केंद्रों में कार्यरत कार्यकर्ताओं को दी जाने वाली मानदेय का राशि को 6500 से बढ़ाकर 10 हजार किया गया है। आंगनबाड़ी सहायिकाओं का मानदेय 3250 से बढ़ाकर 5000 प्रतिमाह और मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं यानी शिशु पालना कार्यकर्ताओं का मासिक मानदेय 4500 से 7500 रुपए कर दिया है।
गौरतलब है कि राज्य सरकार ने आंगनबाड़ी केन्द्रों में कार्यरत मानदेय कार्मिकों के मानदेय में पिछले तीन वर्षों में कुल 45 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है। इस मानदेय में केन्द्रीयांश और राज्यांश का अनुपात 60 अनुपात 40 में होता है, लेकिन विगत वर्षों में मानदेय में राज्य सरकार द्वारा लगातार की गई बढ़ोतरी से राज्यांश की भागीदारी 70 प्रतिशत तक हो गई है।
कुक कम हेल्पर का मानदेय बढ़ाया
आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के समान मिड डे मील योजना के तहत कार्यरत कुक कम हेल्पर के मानदेय में भी सरकार ने बढ़ोतरी की है। इनका मानदेय 15 फीसदी बढ़ाया गया है। मिड डे मील आयुक्त मोहनलाल यादव ने इस संबंध में आदेश जारी किए हैं। जिसके मुताबिक बढ़ा हुआ मानदेय एक अप्रेल से प्रभावी कर दिया गया है। कुक कम हेल्पर के मानदेय में राज्य मद से 261 रुपए की बढ़ोतरी की गई है। यानी अब इनका मानदेय 1742 के स्थान पर 2003 रुपए कर दिया गया है। सरकार की ओर से की गई बजट घोषणा की पालना में यह बढ़ोतरी की गई है।
हॉस्पिटल का समय भी बदला
प्रदेश के सभी सरकारी अस्पतालों के समय में एक अप्रेल से बदलाव कियाभाया है= अस्पताल का अोपीडी समय सुबह 8 से दोपहर 2 बजे तक कर दिया गया। जबकि रविवार व अन्य अवकाश के दिनों में सुबह 9 से 11 बजे तक अस्पताल खुलेंगे।
बदले समय पर स्कूल पहुंचे बच्चे
शनिवार को बच्चे बदले हुए समय पर स्कूल पहुंचे। स्कूल जाने के लिए एक बार फिर उन्हें जल्दी जगना पड़ा। शिक्षा निदेशालय ने शिविरा पंचाग के मुताबिक स्कूलों के समय में बदलाव कर दिया, ऐसे में शनिवार को एक पारी स्कूल प्रातः 7-30 से दोपहर 1:00 बजे तक और दो पारी स्कूलों का समय प्रातः 7-00 बजे से सायं 6-00 बजे तक कर दिया गया।
लेपर्ड का दीदार हुआ महंगा
झालाना और आमागढ़ में आज से सफारी करना भारतीय पर्यटकों और स्टूडेंट्स के लिए महंगा हो गया है। वहीं विदेशी पर्यटकों के लिए दरों में कमी गई है। भारतीय पर्यटकों के लिए अब जिप्सी शुल्क में 468 रुपए की वृद्धि की गई है। पूरी जिप्सी बुक करवाने के लिए अब 4236 रुपए के स्थान पर 4704 रुपए देने होंगे। वहीं स्टूडेंट्स को पूरी जिप्सी के लिए 3606 रुपए के स्थान पर 4224 रुपए देने होंगे। विदेशी पर्यटकों के लिए वन विभाग ने शुल्क कम कर दिया है। विदेशी पर्यटकों को पूरी जिप्सी बुक करवाने के लिए 10386 रुपए के स्थान पर अब केवल 6924 रुपए देने होंगे।