जयपुर में 23 और 24 सितंबर को इंटरनेशनल राजस्थानी कॉन्क्लेव का आयोजन किया जाएगा।
जयपुर में 23 और 24 सितंबर को इंटरनेशनल राजस्थानी कॉन्क्लेव का आयोजन किया जाएगा। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस प्रस्ताव का अनुमोदन किया है। उद्योग विभाग और राजस्थान फाउंडेशन के तत्वावधान में होने वाले इस आयोजन के लिए गहलोत ने 5 करोड़ रुपए के अतिरिक्त बजट प्रावधान के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी है।
मुख्यमंत्री गहलोत ने प्रवासी राजस्थानियों को एक सूत्र में बांधने के उद्देश्य से वर्ष 2023-24 के बजट में इंटरनेशनल राजस्थानी कॉन्क्लेव के आयोजन की घोषणा की थी। सितम्बर में आयोजित होने वाले इस दो दिवसीय कॉन्क्लेव में राजस्थानी गौरव, साहित्य, व्यापार, परंपरा, संगीत, कला, संस्कृति, सामाजिक कल्याण, उद्यम, खान-पान एवं मनोरंजन आदि विषयों पर दिलचस्प सत्रों का आयोजन होगा। इसमें उद्यमशीलता एवं निवेश के अवसरों पर एक विशेष सत्र शामिल होगा। इसमें विश्व भर से प्रवासी उद्यमी भाग लेंगे। एनआरआर नीति में घोषित प्रवासी सम्मान पुरस्कार का शुभारम्भ भी इसी कॉन्क्लेव में किया जाएगा।
गौरतलब है कि वर्ष 2000 में राजस्थानी डायस्पोरा का महत्व समझते हुए गहलोत के नेतृत्व में पहली बार इंटरनेशनल राजस्थानी कॉन्क्लेव का आयोजन हुआ था। केवल अपने डायस्पोरा के लिए एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित करना उस समय केंद्र सरकार या किसी भी राज्य सरकार के लिए एक अनूठी पहल थी। इसी तर्ज पर वर्ष 2003 में भारत सरकार ने प्रवासी भारतीय दिवस का आयोजन किया था। अन्य राज्यों ने भी इस मॉडल को अपनाया है।