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बेघर शहर भाजपा को कब मिलेगा “घर”

जयपुर शहर भाजपा पिछले पौने दो साल से बेघर है। राजस्थान विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा मुख्यालय पर भीड़भाड़ को देखते हुए शहर कार्यालय सी—स्कीम में ही एक किराए के भवन में शिफ्ट हो गया था। इसके बाद शहर भाजपा अध्यक्ष बदला और तब से अध्यक्ष अपने घरों से ही शहर र्काालय संचालित कर रहे हैं।

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जयपुर

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Umesh Sharma

Jul 03, 2020

बेघर शहर भाजपा को कब मिलेगा

बेघर शहर भाजपा को कब मिलेगा

जयपुर।

जयपुर शहर भाजपा पिछले पौने दो साल से बेघर है। राजस्थान विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा मुख्यालय पर भीड़भाड़ को देखते हुए शहर कार्यालय सी—स्कीम में ही एक किराए के भवन में शिफ्ट हो गया था। इसके बाद शहर भाजपा अध्यक्ष बदला और तब से अध्यक्ष अपने घरों से ही शहर र्काालय संचालित कर रहे हैं।

भाजपा मुख्यालय पर एंट्री गेट के पास ही शहर भाजपा का कार्यालय था। विधानसभा चुनाव में केंद्रीय स्तर के नेताओं की जयपुर में बढ़ती चहलकदमी और विभिन्न वार रूम संचालित करने के नाम पर शहर कार्यालय को शिफ्ट करने के निर्देश जारी किए थे। इसके बाद सी स्कीम में कुछ दिन कार्यालय चलने के बाद आज तक शहर भाजपा को अपने खुद के कार्यालय का इंतजार है। तत्कालीन शहर अध्यक्ष संजय जैन के बाद पूर्व विधायक मोहन लाल गुप्ता और वर्तमान अध्यक्ष सुनील कोठारी अपने आवास से ही शहर कार्यालय का संचालन कर रहे हैं। कोई मीटिंग करनी होती है, तब शहर के नेताओं को भाजपा मुख्यालय पर बुलाया जाता है।

नहीं मिल पाई जमीन

पूर्ववर्ती भाजपा सरकार के समय शहर भाजपा कार्यालय को अन्यत्र शिफ्ट करने के लिए जमीनें भी दिखाई थी। विद्याधर नगर सहित कई इलाकों में जमीनें देखी भी गई, लेकिन जमीन पसंद नहीं आई और मामला लटक गया। प्रदेश कार्यालय से दूरी ज्यादा होने के कारण तत्कालीन शहर अध्यक्ष संजय जैन ने जमीन लेने में रुचि नहीं दिखाई।

आने वाले दिनों में आ सकती है दिक्कत

जयपुर नगर निगम के चुनाव अगले महीने प्रस्तावित है। शहर में वार्डों की संख्या भी 250 हो चुकी और नगर निगम भी दो बन चुके हैं। ऐसे में चुनाव की रणनीति बनाने के लिए आए दिन बैठकों का आयोजन किया जाएगा। उस परिस्थिति में कार्यालय की कमी साफ तौर पर खलती नजर आएगी।