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इस बार सफाई की परीक्षा 9500 अंकों की, जानें कितने तैयार हैं हम

Swachh Survekshan 2023: इस बार सफाई की परीक्षा (स्वच्छ सर्वेक्षण 2023) 9500 अंक की हो रही है। हैरिटेज नगर निगम इस परीक्षा में बाजी मारने में जुट गया है।

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इस बार सफाई की परीक्षा 9500 अंकों की, जानें कितने तैयार हैं हम

इस बार सफाई की परीक्षा 9500 अंकों की, जानें कितने तैयार हैं हम

Swachh Survekshan 2023: जयपुर। इस बार सफाई की परीक्षा (स्वच्छ सर्वेक्षण 2023) 9500 अंक की हो रही है। हैरिटेज नगर निगम इस परीक्षा में बाजी मारने में जुट गया है। हालांकि निगम प्रशासन का मुख्य फोकस सर्विस लेवल प्रोग्रेस के साथ सिटीजन वाइस पर केन्द्रीत है। इसके लिए कचरा निस्तारण के साथ लोगों को जागरूक करने का काम शुरू कर दिया गया है।

हेरिटेज निगम ने आईईसी कार्यक्रम (जागरूकता कार्यक्रम) शुरू कर दिया है। इसके लिए वार्ड 11 को चिह्नित कर वहां जीरो वेस्ट इंवेंट कराने के साथ लोगों को घर में कचरे से खाद बनाकर उसका उपयोग करने का प्रशिक्षण दे दिया गया है। वहीं स्वच्छता जागरूकता रैली के साथ नुक्कड नाटक और चित्रकला प्रतियोगिताएं आदि आयोजित कर चुके है। इसके अलावा होटल, रेस्टोंरेंट व व्यापारीक प्रतिष्ठानों के बीच कचरा निस्तारण को लेकर प्रतियोगिता आयोजित की जा रही है। उपायुक्त स्वास्थ्य आशीष कुमार, मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सोनिया अग्रवाल और आईईसी प्रभारी निधि जैन ने स्वच्छता सर्वेक्षण की कमान संभाल रखी है।

जीरो वेस्ट इंवेंट
हेरिटेज निगम की ओर से आदर्श वार्ड 11 में जीरो वेस्ट इंवेंट आयोजित कर लोगों को कचरा निस्तारण की जानकारी दी गई। नाश्ता करने के बाद प्लेट का भी उपयोग बताया गया। इसमें मौके पर ही लोगों को प्लेट से खाद बनकार बताई गई।

घर के कचरे से खाद बनाया सिखाया
स्वच्छता सर्वेक्षण के तहत आईईसी जनजागरूकता कार्यक्रम के तहत आदर्श वार्ड में लोगों को घर में ही कचरे से खाद बनाने की प्रशिक्षण दिया गया, जिससे घर का कचरा बाहर नहीं आए और उसका घर में ही हरियाली में उपयोग लिया जा सके।

नुक्कड नाटक से किया जागरूक
स्वच्छता सर्वेक्षण 2023 के तहत सफाई और स्वच्छता को लेकर लोगों को जागरूक करने के लिए हैरिटेज निगम मुख्यालय के अलावा हवामहल, जंतर मंतर पर नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया। इसमें ‘हर घर हर गली स्वच्छता की लहर चली’ नारे के साथ ढोल की धमाल पर महिलाओं ने लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया। नाटक में कच्ची बस्ती की महिलाओं ने भी भागीदारी निभाई।

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चित्रों के माध्यम से बच्चों दिखाई स्वच्छ परकोटे की राह
स्वच्छ सर्वेक्षण 2023 के तहत स्वच्छता के प्रति जागरूकता के लिए चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की गई। इसमें कच्ची बस्ती के बालक-बालिकाओं ने ड्रॉईंग शीट पर कूंची चलाकर शहरवासियों को स्वच्छ परकोटे की राह दिखाई। आईईसी प्रभारी निधि जैन ने बताया कि चित्रकला प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य चित्रों के माध्यम से स्वच्छता एवं स्वास्थ्य के प्रति लोगों को जागरूक करना है एवं ज्यादा से ज्यादा लोगों को भागीदार बनाना है ताकि शहरवासी गीले एवं सूखे कचरे से किचन गार्डन व पेड़ पौधों के लिए जैविक खाद बना सके।

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