पोकरण क्षेत्र के पुरोहितसर गांव में गत 3 वर्ष से जलापूर्ति बंद होने के कारण ग्रामीणों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है।
पोकरण क्षेत्र के पुरोहितसर गांव में गत 3 वर्ष से जलापूर्ति बंद होने के कारण ग्रामीणों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि करीब डेढ़ दशक पूर्व फलोदी जिले के ढढु गांव में नलकूप खुदवाकर पुरोहितसर व सत्तासर गांव को पाइपलाइन से जोडक़र जलापूर्ति की व्यवस्था की गई थी। कुछ वर्ष जलापूर्ति सुचारु रहने के बाद पाइपलाइन पर अवैध कनेक्शन हो जाने के कारण गांव में जलापूर्ति बंद हो गई। जलदाय विभाग की ओर से समय पर रख-रखाव एवं संधारण नहीं किए जाने के कारण लोग पाइपलाइन चुरा ले गए व जलापूर्ति ठप हो गई। गत 4 वर्ष पूर्व जल जीवन मिशन योजना के अंतर्गत एकां गांव में स्थित स्वच्छ जलाशय से सीधी पाइपलाइन लगाकर जलापूर्ति शुरू की गई, लेकिन कुछ माह चलने के बाद यह जलापूर्ति भी बंद हो गई। ऐसे में ग्रामीणों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है। भीषण गर्मी के मौसम में मवेशियों का बेहाल हो रहा है।
गांव के मनोहरलाल, मदनलाल, तगाराम, तोलाराम, पपुराम सहित ग्रामीणों ने बताया कि गत 3 वर्षों से जलदाय विभाग की ओर से गांव में जलापूर्ति ठप है। करीब 800 की आबादी यहां निवास करती है और 2 हजार से अधिक पशुधन है, जिन्हें पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है और ग्रामीणों को फलोदी जिले के निकटवर्ती ढढु गांव के निजी नलकूपों से 800 रुपए प्रति ट्रैक्टर टंकी खरीदकर पानी मंगवाना पड़ रहा है। ऐसे में उन्हें आर्थिक परेशानी का भी सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में जलदाय विभाग के अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों से कई बार शिकायत की गई, लेकिन कोई कवायद नहीं की जा रही है। ग्रामीणों ने बताया कि यदि जलापूर्ति शीघ्र सुचारु नहीं की गई तो उनकी ओर से उपखंड अधिकारी कार्यालय के समक्ष धरना देकर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।