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पोकरण: व्यवस्था का ब्रेक फेल : न डीटीओ और न ही निरीक्षक

पोकरण कस्बे में स्थित जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय में अधिकारियों के पद रिक्त होने के कारण क्षेत्र के वाहन चालक परेशान हो रहे है। यहां न तो जिला परिवहन अधिकारी है, न ही कोई निरीक्षक। ऐसे में वाहनों के पंजीयन सहित अन्य कार्य और वाहन चालक अनुज्ञा पत्र जैसे कार्य नहीं हो पा रहे है।

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पोकरण कस्बे में स्थित जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय में अधिकारियों के पद रिक्त होने के कारण क्षेत्र के वाहन चालक परेशान हो रहे है। यहां न तो जिला परिवहन अधिकारी है, न ही कोई निरीक्षक। ऐसे में वाहनों के पंजीयन सहित अन्य कार्य और वाहन चालक अनुज्ञा पत्र जैसे कार्य नहीं हो पा रहे है। गौरतलब है कि पोकरण में तीन वर्ष पूर्व जिला परिवहन कार्यालय स्थापित किया गया। इस दौरान यहां जिला परिवहन अधिकारी सहित निरीक्षक भी लगाए गए। गत वर्ष जिला परिवहन अधिकारी का अन्यंत्र स्थानांतरण हो गया, जिसके बाद से यहां कार्यरत परिवहन निरीक्षक को ही अतिरिक्त कार्यभार दिया जाता रहा। निरीक्षक भी समय-समय पर बदलते रहे, लेकिन जिला परिवहन अधिकारी नहीं लगाया गया। कार्यालय में अधिकारियों के अभाव में कामकाज पूरी तरह प्रभावित हो रहा है। गत 25 नवंबर को परिवहन निरीक्षक को निलंबित कर दिया गया। जिसके बाद यहां अभी तक कोई नया परिवहन निरीक्षक नहीं लगाया गया है।

अतिरिक्त चार्ज दिया, लेकिन समस्या वही

पोकरण के जिला परिवहन अधिकारी का अतिरिक्त कार्यभार फलोदी के जिला परिवहन अधिकारी को दिया गया है। फलोदी से अधिकारी सप्ताह में दो दिन यहां आते है। निरीक्षक के अभाव में वाहनों के फिटनेस सहित अन्य कार्य ठप हैं। डीटीओ व निरीक्षक नहीं होने के कारण वाहन चालकों को वाहनों के पंजीयन, टैक्स जमा कराने सहित अन्य कार्यों में परेशानी हो रही है।

कार्य हो रहे प्रभावित

कार्यालय में अधिकारी नहीं है, जिससे कार्यों के लिए चक्कर लगाने पड़ रहे है। निरीक्षक नहीं होने से वाहनों का फिटनेस नहीं हो पा रहा है। इसके साथ ही अन्य कार्य भी प्रभावित हो रहे है।

  • खुमाणसिंह, बस संचालक, पोकरण

हो रही परेशानी

जिला परिवहन अधिकारी व निरीक्षक के पद रिक्त है। जिससे बार-बार कार्यालय आना पड़ता है। सप्ताह में दो दिन डीटीओ आते है तो रुकते कम ही है। जिससे काम नहीं हो पाता है।

  • नरेशकुमार, वाहन चालक
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