पत्रिका से चर्चा के दौरान गोल बाजार व्यापारी संघ के लोगों ने रखी बेबाकी से बात, कहा बाकी शहरों की तर्ज पर भी बढऩा चाहिये ‘अपना कटनी’
कटनी. 1978 से गोल बाजार में कपड़े का बड़ा कारोबार होता है। अन्य दुकान व व्यापार चल रहा है, यह पूरा बाजार नगर निगम की जमीन पर संचालित हो रहा है। अधिकांश दुकानें नगर निगम की है, जिसमें निगम द्वारा बकायदा किराया सहित अन्य कर वसूल किए जा रहे हैं। 1090 में बाजार में आगजनी की घटना हो गई थी, जिसमें कई दुकानें जलकर खाक हो गई थीं, व्यापारियों को बड़ा नुकसान हो गया था। इसके बाद भी यहां पर सुरक्षा और सुविधाओं के विस्तार को लेकर जिम्मेदार ध्यान नहीं दे रहे हैं। यह बेबाकी से बात पत्रिका जन एजेंडा कार्यक्रम के तहत चर्चा करते हुए गोलबाजार के व्यापारियों ने रखी।
कारोबारियों ने कहा कि इस बाजार को जोडऩे वाले चारों तरफ के मार्ग अतिक्रमण की चपेट में हैं। सुभाष चौक हो या फिर गोल बाजारा रामलीला मैदान की ओर से आने वाले मार्ग या फिर सिल्वर टॉकी रोड से जोडऩे वाले मार्ग, सभी में अतिक्रमण के कारण महिलाएं व अन्य उपभोक्ताओं को यहां पहुंचने में परेशानी होती है। यह वर्षों पुरानी समस्या हो गई है, कई बार नगर निगम के अधिकारियों व जिम्मेदारों को को अवगत करा चुके हैं, लेकिन कोई समाधान नहीं हुआ।
गिनाईं ये भी समस्याएं
पत्रिका जन एजेंडा कार्यक्रम में व्यापारियों ने क्षेत्र व शहर की कई समस्याएं गिनाईं। अध्यक्ष सुरेश सावड़ा, सचिव अमरलाल सिंह च्योथवानी, मीडिया प्रभारी विकास तीर्थानी, उपाध्यक्ष प्रभुदास, महेश चेलानी, विक्की, महेश आदि ने कहा कि गोलबाजार में समस्याओं का अंबार है। कॉम्पलैक्स एकदम जर्जर है। आगजनी के बाद व्यापारियों ने अपने से पक्के निर्माण कराए थे। यहां पर हर दिन सैकड़ों की तादाद में महिलाएं खरीददारी के लिए पहुंचती हैं, लेकिन यहां पर प्रसाधन की सुविधा नहीं है। रामलीला मैदान के पीछे एक प्रसाधन बना है, जिसमें काफी भीड़ रहती है। नवीनीकरण को लेकर आजतक कोई पहल नहीं हुई।
लोगों ने कहा: अन्य शहरों की भांति बढ़े विकास की रफ्तार
शहर का विस्तार बेहद जरूरी है। जिस प्रकार से आसपास के जिलों व महानगरों में विकास कार्य हुए हैं वैसे कटनी में होने चाहिए। शिक्षा व स्वास्थ्य के हालात सुधरें, मेडिकल कॉलेज खुले और इन्फ्रास्ट्रक्चर बेहतर होना चाहिए। कटनी विकास में काफी पिछड़ा है, जिम्मेदारों को आगे ले जाने जिम्मेदारी निभानी होगी।
सुरेश सावड़ा, अध्यक्ष।
शहर में रेलवे, सडक़ परिवहन की सुविधा है। शहर से ना तो दिल्ली दूर है और ना ही भोपाल। विकास अपार संभावनाएं होने के बाद भी शहर व जिला विकास में पिछड़ा है। नेतृत्वकारियों को चाहिये कि जिम्मेवारियों को समझें और चुनाव के बाद शहर को विकासपथ पर तेजी से आगे ले जाएं।
अर्जुनदास, स्थानीय व्यापारी।
लोकतंत्र के इस महोत्सव में लोग मत की आहूति देकर अच्छे, ईमानदार प्रत्याशी को विधायक बनाएं। अभी जनता की बारी है। फिर नेताओं को चाहिये कि वे शहर में फ्लाइओवर, माइनिंग कॉलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज व सिविल सेंट्रल स्कूल के लिए पहल करें। सडक़ों की हालत सुधरे व यातायात व्यवस्था सुदृढ़ होनी चाहिए।
महेश चेलानी, स्थानीय व्यापारी।
गोल बाजार सहित पूरे शहर में यातायात प्रमुख समस्या है। सडक़ों की स्थिति दयनीय है। आजतक ट्रांसपोर्ट नगर शिफ्ट नहीं हो पाया। हवाई पट्टी हवा हवाई है। रिंगरोड भी आजतक नहीं बन पाई। मंगलनगर, गायत्रीनगर पुलिया में फ्लाइआवेर बने, कई ट्रेनों का स्टॉपेज नहीं है वह होना चाहिए, ताकि शहर में विकास को गति मिले।
अनिल लोहानी, स्थानीय व्यापारी।
शहर में विकास को लेकर कारगर प्रयास होने चाहिए। युवाओं के हाथ में रोजगार व स्वरोजगार होना चाहिए। शहर के व्यापारियों की समस्याओं का समय पर समाधान हो। जरूरत है तो कटनी की तस्वीर बदलने की। चुनाव के बाद जनप्रतिनिधि एकजुट होकर जिले को आगे ले जाने का प्रयास करें, तभी लोकतंत्र के इस महोत्सव की सार्थकता है।
विकास तीर्थानी, स्थानीय व्यापारी।