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बच्चे को जन्म देते ही महिला की मौत, अस्पताल में हंगामा, देखें वीडियो

रोते-रोते घरवाले बोले-डॉक्टरों की लापरवाही से मौत हुई है, मां बच्चे को जन्म देने के बाद मर गई।

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कटनी. मध्यप्रदेश के कटनी जिले में एक महिला की बच्चे को जन्म देने के बाद मौत हो गई, महिला की मौत होते ही परिजनों ने रोते-बिलखते हुए हंगामा शुरू कर दिया, देखते ही देखते अस्पताल में लोगों की भीड़ लग गई, परिजन महिला की मौत का कारण डॉक्टरों की लापरवाही बता रहे थे, जबकि डॉक्टरों का कहना था कि महिला को अन्य कई बीमारियां भी थी।

जिला अस्पताल में जुगियाकाप गांव से प्रसव पीड़ा होने पर जिला अस्पताल पहुंची महिला की मौत हो गई है। महिला की मौत पर परिजनों ने जमकर हंगामा मचाया और चिकित्सकों पर लापरवाही का आरोप लगाया है। जानकारी के अनुसार एनकेजे थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम महिला जुगिया काप निवासी गर्भवती महिला अरबिना को प्रसव पीड़ा होने पर सास व पति ने जिला अस्पताल में सुबह 10 बजे भर्ती कराया। महिला ने दोपहर में सीजर ऑपरेशन के बाद एक बच्चे को जन्म दिया। इसके बाद अचानक रात को 10 से 11 बजे के बीच प्रसूता की मौत हो गई।

महिला की मौत होने से परिजन भडक़ गए और आरोप लगाया कि डॉक्टर व स्टॉफ की लापरवाही के कारण मौत हुई है। ठीक से देखरेख नहीं की गई, जिसके कारण ऐसी स्थति बनी।

अस्पताल में रोते-बिलखते रहे परिजन
अस्पताल परिसर में महिला की मौत पर परिजन रोते-बिलखते रहे। लेकिन किसी ने उनकी एक नहीं सुनी, ऐसे में निराश होकर वे शव को घर ले गए। परिजनों ने बताया कि जिला अस्पताल में महिला डॉ. हर्षिता गुप्ता ने ऑपरेशन किया। डॉक्टर से बात कर जानकारी ली गई तो डॉक्टर ने अपना बचाव करते हुए महिला को अन्य बीमारी होने का कारण बताया। डॉक्टर ने हाई ब्लड प्रेशर और ब्लड की कमी बता दिया। महिला को दो बार ब्लड चढ़ाना शुरू किया, लेकिन ब्लड रियेक्शन हो रहा था। घबराहट हो रही थी, इसलिए ब्लड चढ़ाना रोका गया। चिकित्सक ने कहा कि संभावना है कि बीपी व शायद हो सकता है कुछ रियेक्शन रहा हो।

ऑपरेशन के चार घंटे बाद चढ़ाया ब्लड- परिजनों का आरोप है कि दोपहर 2 बजकर 14 पर प्रसव हुआ। परिजनों ने पहले से ब्लड का इंतजाम कर लिया था, लेकिन रात में पौने सात बजे ब्लड चढ़ाना शुरू किया गया है। नर्सिंग स्टॉफ द्वारा ब्लड चढ़ाया जा रहा था, डॉक्टरों ने ठीक से देखभाल नहीं की।
गिड़गिड़ाते रहे, लेकिन गार्ड ने नहीं जाने दिया- मृतिका की सास मिजाज बी ने बताया कि ऑपरेशन के बाद बहु की हालत ठीक नहीं थी। जिला अस्पताल के गार्ड से अंदर जाने के लिए गिड़-गिड़ाती रही। मैंने कहा कि मेरी बहु व नाती अंदर पड़ा है, जाने दो, लेकिन नहीं जाने दिया गया। गार्ड बेटे से भी अभद्रता करती रहीं।

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गर्भवती महिला के मौत के बारे में मुझे कोई जानकारी नहीं है। जिला अस्पताल में होने वाले घटनाक्रम पर शाम साते बजे के बाद में कोई बात नहीं करूंगा। अवकाश के दिन भी मैं कोई बात नहीं करूंगा। सोमवार को कार्यालय में ही मामले की जानकारी लेकर कुछ बता पाऊंगा।
डॉ. यशवंत वर्मा, सिविल सर्जन

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