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प्रदेश में फिर बाढ़ के आसार

गंगा, घाघरा, सरयू सहित अधिकतर नदियां उफान पर।  
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लखनऊ

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Ashish Kumar Pandey

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Updated: 31 Aug 2018, 7:57 PM IST

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प्रदेश में फिर बाढ़ के आसार

लखनऊ. उत्तर प्रदेश में फिर से बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। लगातार हो रही बारिश से अधिकतर नदियां उफान पर हैं। वहीं नेपाल द्वारा छोड़े जा रहे पानी ने मुसीबत और बढ़ा दी है। गंगा, घाघरा, शारदा, राप्ति आदि नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। बहराइच, गोंडा, बाराबंकी, सीतापुर, लखीमपुर-खीरी, हरदोई, फर्रुखाबाद, सुल्तानपुर, फैजाबाद, अयोध्या समेत कई जिलों में बाढ़ ने तबाही मचा रखी है तो वहीं कई दिनों से हो रही बारिश ने और खतरा बढ़ा दिया है।
प्रदेश के अधिकतर हिस्सों में गुरुवार से शुरू हुई बारिश शुक्रवार को भी जारी रही। राजधानी लखनऊ समेत सीतापुर, हरदोई, गोंडा, अयोध्या, फैजबाद, कानपुर, फर्रुखाबाद आदि जिलों में शुक्रवार को भी जमकर कर बारिश होती रही। लगातार हो रही बारिश से सड़कें तालाब बन गईं, नालों में पानी भर गया। सड़कों पर काफी देर तक जाम लगा रहा। वहीं मौसम विभाग ने पूर्वी यूपी व मध्य यूपी में भारी बारिश की चेतावनी दी है। पिछले २४ घंटों में भारी बारिश होने की संभावना जताई है।

नदियां उफान पर
प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में हो रही बारिश के चलते अधिकतर नदियां उफनाई हुई हैं। लखीमपुर खीरी के पलियाकलां में शारदा का जलस्तर 1 मीटर 80 सेमी ऊपर है तो वहीं घाघरा नदी अयोध्या में खतरे के निशान से 40 सेमी, बाराबंकी के एल्गिनब्रिज पर 66 सेमी और बलिया के तुर्तीपार में 63 सेमी ऊपर बह रही है।
गोंडा के चंद्रदीपघाट पर कुआनो नदी का जलस्तर खतरे के निशान से 51 सेमी ऊपर है। राज्य के बाढ़ नियंत्रण कक्ष की मानें तो अगले 24 घंटे के दौरान गंगा नदी का जलस्तर फतेहगढ़, कन्नौज के गुमटिया, कानपुर देहात के अंकिनघाट, कानपुर नगर व बलिया में और बढऩे के आसार हैं। इसी क्रम में एल्गिनब्रिज पर घाघरा का जलस्तर अगले 24 घंटे में और बढऩे का अनुमान है।
बढ़ रही है मुश्किलें
बाराबंकी जिले में बाढ़ प्रभावित तराई इलाकों में घाघरा का जलस्तर बढऩे और कटान से होने वाली तबाही बदस्तूर जारी है। सूरतगंज, रामनगर और सिरौलीगौसपुर तहसील के गई गांवों में तेजी से कटान हो रही है। कचनापुर के अलावा कोरडी, हेतमापुर, बाबा पुरवा, सरसंडा, जमका और खुज्जी समेत तटवर्ती गांवों की जमीन नदी में कट रही है। वहीं गोंडा में घाघरा नदी के आसपास के कई गांवों में पानी भर गया है तो लखीमपुरखीरी में शारदा नदी तो फर्रुखाबाद में गंगा ने तबाही मचा रखी है। इन नदियों के आसपास के गांवों में बाढ़ का पानी ग्रामीणों को मुश्किलें बढ़ा रहा है। वे सुरक्षित स्थानों की तरफ पलायन करने को मजबूर हैं।

कहां कितनी बारिश
पिछले 24 घंटे के दरम्यान उत्तर प्रदेश में सबसे अधिक सात सेंटीमीटर बारिश पीलीभीत के बीसलपुर में दर्ज की गयी। जबकि बांदा में छह, कानपुर में पांच, पीलीभीत में चार, जौनपुर, कानपुर, मुहम्मदाबाद, मुसाफिरखाना, फैजाबाद, बाराबंकी, महरौनी, अनूपशहर, बिलारी, शाहाबाद, धामपुर, राठ, नकुड़, पुवायां, मौधा और किरवाली में तीन-तीन सेंटीमीटर बारिश रिकार्ड की गयी।

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