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पुलिस ने मालिक से पहले तोते को किया गिरफ्तार, वजह आपको हैरान कर देगी : यहां पढ़ें

Education And Training of Parrot

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Education And Training of Parrot

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देश और दुनिया में शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए वहां की सरकारें हरसंभव प्रयास करती हैं। लेकिन देखा जाए तो प्राइमरी एजुकेशन के लिए स्कूल या किसी इंस्टिट्यूट में जाने की जरुरत नहीं होती, क्योंकि घर पर मिली एजुकेशन और ट्रेनिंग भी कम नहीं होती। बहुत से परिवार वाले अपने बच्चों को स्कूल से बेहतर घर पर पढ़ा लेते हैं। ट्रेनिंग की बात करें जानवरों को दिया गया प्रशिक्षण भी किसी स्कूल टीचर के अध्यापन से कम नहीं होता। आज हम आपको एक ऐसे ट्रेनर के बारे में बताने जा रहे हैं जिसने अपने तोते को बेहतरीन प्रशिक्षण दिया। लेकिन बुराई का अंत बुराई होता है। प्रशिक्षण खुद के स्वार्थ के लिए गलत कार्य के लिए दिया गया।


उत्तर ब्राजील के पियाउ स्टेट में ड्रग तस्कर ने तोता पाला और उसे खुद को बचाने के लिए अच्छी ट्रेनिंग दी। तोते का काम था मालिक को पुलिस से अलर्ट करना। इलाके में पुलिस की आहत होते ही तोता पुलिस - पुलिस चिल्लाकर मालिक को आगाह कर देता था और मालिक मौके से फरार हो जाता था। पुलिस हैरान रह जाती थी कि आखिर हो क्या रहा है। एक दिन जब पुलिस अचानक से छापा मारा तो तोते ने अपना काम शुरू कर दिया और वो पुलिस -पुलिस चिल्लाने लगा, लेकिन इस बार वो कामयाब नहीं हुआ क्योंकि तस्करों का ध्यान भटक गया जिससे वो भाग नहीं सका। पुलिस ने सबसे पहले तोते को गिरफ्तार किया और साथ में दो तस्करों को भी गिरफ्तार किया गया। सब लोग हैरान तब रह गए, जब उसने पुलिस टीम की लाख कोशिशों के बाद भी अपना मुंह तक नहीं खोला।

लोगों ने कहा- बेहद आज्ञाकारी है
पुलिस के एक अफसर ने बताया कि जैसे ही पुलिस नजदीक पहुंची, तोते ने चिल्लाना शुरू कर दिया। हम समझ गए कि यह अलर्ट करने की कोशिश कर रहा है, लेकिन कामयाब नहीं हो सका। ब्राजील के एक पत्रकार ने बताया कि मैं इसके व्यवहार से हैरान हुआ। वह काफी आज्ञाकारी है। सिर्फ अपने मालिक की सुनता है। पुलिस ने हर तरह से उससे बुलवाने की कोशिश की लेकिन वह चुपचाप बैठा रहता है। पशु-पक्षियों के एक स्थानीय डॉक्टर अलेक्जेंडर क्लार्क ने भी इस बात की पुष्टि की कि तोता जांच में सहयोग नहीं कर रहा है। तोते को एक स्थानीय चिड़ियाघर भेज दिया गया है। वहां वह 3 महीने तक रहेगा, जहां उसे उड़ना सिखाया जाएगा। उसके बाद तोते को आजाद कर दिया जाएगा। ब्राजील में यह कोई पहला वाकया नहीं है जब ड्रग तस्करों ने जानवरों का इस्तेमाल किया है।