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हमसे गलती हुई जो दो बार RJD के साथ गए, अब कभी… CM नीतीश का गठबंधन को लेकर बड़ा ऐलान

Bihar: बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने शुक्रवार को एक बार फिर साफ कर दिया कि वे अब किसी अन्य गठबंधन के साथ नहीं जाने वाले हैं, वे एनडीए के साथ ही रहेंगे। 
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पटना

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Prashant Tiwari

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Updated: 7 Sep 2024, 12:55 PM IST

राजनीति में रुची रखने वाला हर शख्स जानता है कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को गठबंधन बदलने में ज्यादा समय नहीं लगता। कभी वो इंडिया तो कभी एनडीए गठबंधन के हिस्सा बन जाते हैं। लोकसभा चुनाव के परिणाम के आने के बाद से ही विपक्ष के नेता लगातार ये कयास जता रहे थे कि नीतीश कुमार संविधान बचाने के नाम पर इंडिया गठबंधन में न सिर्फ वापसी करेंगे। बल्कि केंद्र की मोदी सरकार से अपना समर्थन भी वापस लेंगे। हालांकि शुक्रवार को विपक्ष के इस उम्मीद को जोरदार झटका लगा है। दरअसल, नीतीश कुमार ने शुक्रवार को एक बार फिर साफ कर दिया कि वे अब किसी अन्य गठबंधन के साथ नहीं जाने वाले हैं, वे एनडीए के साथ ही रहेंगे।

अब कभी इधर-उधर नहीं होंगे-नीतीश

नीतीश कुमार ने राजद पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले वाले क्या करते थे? हमसे गलती हुई। दो बार उन लोगों का साथ लिया। हमारा रिश्ता 1995 से है। बीच में दो बार इधर-उधर हुए, दो बार गलती हुई। अब कभी इधर-उधर नहीं होंगे। सीएम नीतीश कुमार ने शुक्रवार को इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (आईजीआईएमएस) में नवनिर्मित क्षेत्रीय चक्षु संस्थान के उद्घाटन के मौके पर लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि 2005 में जब हम लोग आए थे तो क्या हालत थी। सरकारी अस्पताल में डॉक्टरों की कमी थी। दवा और अन्य सुविधाओं की कमी थी। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में प्रतिमाह 39 मरीज आते थे, हम लोग जैसे ही सरकार में आए 2006 में अस्पतालों में मुफ्त दवा की शुरुआत की गई। अब प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रत्येक महीने 11000 से अधिक मरीज आ रहे हैं। इस मौके पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा भी मौजूद रहे।

हमारे आने से पहले क्या हालात थे सब जानते हैं

सीएम ने कहा कि आईजीआईएमएस की स्थापना 1984 में हुई थी। शुरू में काम हुआ, लेकिन बाद में व्यवस्था काफी खराब हो गई। 2005 में हम लोग आए तो देखा कि यहां काम नहीं हो रहा है। इसके बाद बड़ी संख्या में डॉक्टरों की नियुक्ति की गई। किडनी, हार्ट, कैंसर के इलाज की बेहतर व्यवस्था करवाई गई।

बिहार को मिली 1 हजार करोड़ की सौगात

अब आंखों के क्षेत्रीय संस्थान का उद्घाटन किया गया है। आईजीआईएमएस में जांच और दवा के लिए पैसे लगते थे, अब मुफ्त इलाज के साथ दवा भी दी जा रही है। अस्पताल में बेड की संख्या भी बढ़ाई गई है। इस मौके पर 188 करोड़ रुपए की लागत से बने क्षेत्रीय चक्षु संस्थान और स्वास्थ्य विभाग के 850 करोड़ रुपए की लागत से विभिन्न परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया गया।

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