
फिर उमड़ा महबूबा मुफ्ती का पाकिस्तान प्रेम, बोलीं- मोदी सरकार को इस देश से सीख लेनी चाहिए
Mehbooba Mufti: पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (PDP) की अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने सोमवार को कहा कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) सरकार को पाकिस्तान की अंतरिम सरकार में मुशाल मलिक के नामांकन से सबक लेना चाहिए। पूर्व मुख्यमंत्री मुफ्ती ने कहा कि पाकिस्तान उन लोगों को पुरस्कृत कर रहा है जो सोचते हैं कि वे जम्मू-कश्मीर पर उनके विचारों को आगे बढ़ा रहे हैं, लेकिन दुर्भाग्य से भाजपा सरकार उन लोगों को दंडित कर रही है जो जम्मू-कश्मीर में भारत के विचार का समर्थन करते हैं और उसका प्रचार करते हैं।
भाजपा को क्या नसीहत
उन्होंने कहा, “मैं मुशाल मलिक की वकील नहीं हूं, लेकिन वह अपने पति के विपरीत कोई आतंकवादी या आतंक का आरोपी भी नहीं है जबकि भाजपा में हमारे पास साध्वी प्रज्ञा ठाकुर जैसे आतंक के आरोपी लोग हैं जो खुलेआम मुसलमानों के नरसंहार का आह्वान करते हैं और भाजपा ऐसे लोगों को पुरस्कृत कर रही है।”
उन्होंने एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा,“भाजपा व आरएसएस को मिसाल के मामले से यह सीख लेनी चाहिए। जो सोचते हैं कि वे जम्मू-कश्मीर पर अपने विचारों को आगे बढ़ा रहे हैं, लेकिन दुर्भाग्य से हमारी सरकार जो करती है वह उन लोगों को दंडित करना है जो भारत के साथ खड़े हैं।शेख मुहम्मद अब्दुल्ला साहब एक उदाहरण हैं जिन्हें भाजपा इतिहास से मिटाना चाहती है। मुफ्ती (मोहम्मद सईद) साहब के बारे में इससे कम कुछ नहीं कहा जा सकता, जो भारत के विचार को इतना प्रिय मानते थे।”
अलगाववादी यासीन मालिक की पत्नी को पाकिस्तान में बनाया गया विशेष सलाहकार
पाकिस्तान सरकार ने हाल ही में जेल में बंद कश्मीरी अलगाववादी यासीन मलिक की पत्नी मुशाल मलिक को अपने नव नियुक्त कार्यवाहक प्रधान मंत्री अनवारुल हक काकर का विशेष सलाहकार नियुक्त किया है। मुफ्ती ने भारतीय मुस्लिमों पर पूर्व मुख्यमंत्री गुलाम नबी आजाद के हालिया बयान को बेहद अफसोसजनक बताया और कहा कि यह देश के मुसलमानों के खिलाफ आरएसएस भाजपा की विचारधारा को प्रतिबिंबित करता है।
बता दें कि आजाद ने कहा था 'भारत में सभी मुसलमान मूलतः हिंदू हैं, जिन्होंने कुछ समय पहले ही इस्लाम अपनाया है। इस बयान के बाद मुफ़्ती ने कहा कि आज़ाद की टिप्पणियाँ ‘खतरनाक और विभाजनकारी’ हैं और वे ‘आरएसएस, भाजपा एवं जनसंघ की भाषा से मिलती जुलती हैं।’
उन्होंने कहा कि इस तरह की टिप्पणियां ‘देश में मुसलमानों के खिलाफ अत्याचार और हिंसा में प्रकट होती हैं’, जैसा कि उत्तर प्रदेश की हालिया घटना से पता चलता है जहां एक हिंदू युवती से शादी करने वाले मुस्लिम लड़के के माता-पिता को पीट-पीट कर मार डाला गया था। भारत में मुसलमान इसी मानसिकता के कारण ‘असुरक्षित'’ हैं। सरकार को घर बनाने का काम करना है, लेकिन भाजपा सरकार उन्हें चुन-चुनकर गिराने में व्यस्त है, खासकर जो मुसलमानों के हैं।
Published on:
21 Aug 2023 05:22 pm
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