रायपुर

Akshaya Tritiya: : बाजार गुलजार, सराफा में 200 करोड़ तो वाहनों की बिक्री 50 करोड़ पार

रायपुर समेत पूरे प्रदेश (entire state including Raipur) में अक्षय तृतीया की धूम रही। सोने-चांदी की खरीदी (purchase of gold and silver) के साथ ही गाडियों, इलेक्ट्रॉनिक्स और कपड़ों (vehicles, electronics and clothes) के बाजार में भीड़ दिखाई दी। पूरे राज्य में जहां सराफा मार्केट में लगभग 200 करोड़ ( 200 crores) का कारोबार हुआ। वहीं, वाहनों की खरीदी भी लगभग 50 करोड़ से अधिक की हुई।

2 min read
May 01, 2025
Akshaya Tritiya: : बाजार गुलजार, सराफा में 200 करोड़ तो वाहनों की बिक्री 50 करोड़ पार

कारोबार पिछले साल से अच्छा

लोगों ने इस दिन को खास बनाते हुए जमकर खरीदारी की। सभी बाजारों में इस बार का कारोबार पिछले साल से अच्छा रहा। सोने के बढ़े भाव के बावजूद सराफा-ज्वैलर्स की दुकानों में लोगों की भीड़ रही। रायपुर सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष सुरेश भंसाली ने बताया कि पिछले साल की अपेक्षा इस साल अक्षय तृतीया पर अच्छा प्रतिसाद मिला। सराफा में करीब 13 फ़ीसदी ज्यादा का कारोबार हुआ है। वहीं, फाडा के प्रदेश अध्यक्ष विवेक गर्ग ने बताया कि वाहनों की खरीदी पिछले साल की अपेक्षा इस साल करीब 8 फ़ीसदी ज़्यादा हुई। इस बार अक्षय तृतीया से सप्ताहभर पूर्व वाहनों की बुकिंग कराई गई थी, जिसे समय पर डिलीवरी दी गई।

50 फीसदी बिजनेस रायपुर में

अक्षय तृतीया में रायपुर जिले में सबसे ज्यादा कारोबार देखने को मिला। अकेले सराफा बाजार में ही राज्य का 50 फीसदी यानी 100 करोड़ का कारोबार हुआ। वहीं, वाहनों में 20 करोड़ यानी 40 फीसदी का बिजनेस रहा। अक्षय तृतीया पर सर्राफा बाजार में 200 करोड़ रुपए का कारोबार हुआ। जिसमें रायपुर जिले में 100 करोड़ और अन्य जिलों में 100 करोड़ की बिक्री हुई। राज्य में 2000 से ज्यादा वाहनों की बिक्री हुई। जिसमें 10 करोड रुपए के दो पहिया और 40 करोड़ रुपए के चार पहिया वाहनों की खरीदी हुई। अकेले रायपुर जिले में करीब 20 करोड रुपए के वाहनों की बिक्री हुई।

पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि की कामना

अक्षय तृतीया पर बुधवार को ब्राह्मण समाज में भगवान परशुराम के जन्मोत्सव का उल्लास दिनभर रहा। शहर में अनेक जगह पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि की कामना की। गुढिय़ारी से भव्य शोभायात्रा निकाली गई। कांदूल में साहू समाज सहित अनेक जगहों में कई समाजों में वैवाहिक उत्सव हुए तो गली-मोहल्लों में लोक परंपरा जीवंत हुई। जब बच्चों के साथ बड़ों ने पुतरा-पुतरी का ब्याह एक साथ रचाया। वहीं घराती और वहीं बाराती भी बने।

पूजा-आरती, शोभायात्रा की धूम

परशुराम सेवा समिति गुढय़िारी पड़ाव ने भगवान परशुराम का उत्सव धूमधाम से मनाया। इसमें गौंड ब्राह्मण समाज के लोग शामिल हुए। बाजे-गाजे, झांकी, नृत्य की प्रस्तुति के साथ भव्य शोभायात्रा में भगवान परशुराम के जयकारे रास्ते भर लगे। इससे पहले सभी ने विधि-विधान से पूजन, आरती किया। महा भंडारे भोजन कराया। समिति के साथ ही अन्य समाज के लोगों ने भी भगवान परशुराम की पूजा -अर्चना की।

Published on:
01 May 2025 06:40 pm
Also Read
View All

अगली खबर