- विपक्ष ने यह कहते हुए आपत्ति जताई कि विशेष सत्र में अनुपूरक बजट पेश नहीं होना चाहिए। विनियोग विधेयक दो दिन पहले पेश होना चाहिए। इसके बाद विपक्ष ने चर्चा का बहिष्कार करते हुए बहिर्गमन कर दिया।
रायपुर. विधानसभा में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने शुक्रवार को वित्तीय वर्ष 2022-23 के लिए 4 हजार 337 करोड़ 75 लाख 93 हजार 832 रुपए का द्वितीय अनुपूरक बजट पेश किया। इस पर विपक्ष ने यह कहते हुए आपत्ति जताई कि विशेष सत्र में अनुपूरक बजट पेश नहीं होना चाहिए। विनियोग विधेयक दो दिन पहले पेश होना चाहिए। इसके बाद विपक्ष ने चर्चा का बहिष्कार करते हुए बहिर्गमन कर दिया। इसके बाद अनुपूरक बजट ध्वनिमत से पारित कर दिया गया। प्रथम व द्वितीय अनुपूरक बजट के बाद राज्य के बजट का आकार बढ़कर 1 लाख 11 हजार 242 करोड़ रुपए हो गया है। द्वितीय अनुपूरक में राजस्व व्यय 3 हजार 749 करोड़ और पूंजीगत व्यय 589 करोड़ रुपए रखा गया है।
प्रदेश की अर्थव्यवस्था हुई मजबूत
इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा, बेहतर वित्तीय प्रबंधन और कड़े वित्तीय अनुशासन से राज्य की वित्तीय स्थिति सुदृढ़ हुई है। इस वर्ष अक्टूबर तक 898 करोड़ रुपए का राजस्व आधिक्य बना हुआ है। केन्द्र की तुलना में राज्य की राजस्व प्राप्तियां 18 प्रतिशत से अधिक हैं। राज्य शासन द्वारा दी जा रही आर्थिक सहायता तथा जनकल्याणकारी योजनाओं के कारण प्रदेश के किसानों, मजदूरों और महिलाओं की आय और क्रय शक्ति बढ़ी है। उन्होंने कहा कि चालू वित्तीय वर्ष के प्रथम आठ माह (अप्रैल से नवम्बर तक) में बाजार से कोई ऋण नहीं लिया है।
किसानों के न्याय के लिए 950 करोड़
मुख्यमंत्री ने बजट प्रस्तुत करते हुए कहा कि वर्ष 2022-23 द्वितीय अनुपूरक में राजीव गांधी किसान न्याय योजना के लिए 950 करोड़, राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना के लिए 129 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।
माना में 100 बिस्तरों का होगा अस्पताल
मुख्यमंत्री ने बताया, रायपुर माना के 30 बिस्तर अस्पताल का 100 बिस्तर अस्पताल में उन्नयन करते हुए 66 पदों का सृजन किया जाएगा। डिस्ट्रिक्ट स्ट्राइक फोर्स के लिए 3 हजार 736 नवीन पदों के सृजन के लिए आवश्यक प्रावधान किया गया है। पांच नए जिलों में कृषि और उद्यानिकी विभाग के उपसंचालक कार्यालय खोले जाएंगे। तीन स्थानों में नवीन कृषि महाविद्यालय स्थापित किए जाएंगे। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) अंतर्गत 700 करोड़ सहित अन्य प्रावधान किए गए हैं।
15 नए शासकीय कॉलेज, 6 आईटीआई भी
द्वितीय अनुपूरक में राज्य में स्थापित किए जाने वाले 15 नवीन शासकीय कला, वाणिज्य तथा विज्ञान महाविद्यालयों के लिए भी आवश्यक प्रावधान किए गए हैं। इनमें से 7 महाविद्यालय- लोहंडीगुड़ा, नांदघाट, दाढ़ी, देवरबीजा, सक्ती, बाजार अतरिया, जालबांधा सामान्य क्षेत्र में तथा तथा 8 महाविद्यालय- घोटिया, रघुनाथ नगर, रनहत, धनोरा, कुटरू, छोटेडोंगर, धौरपुर एवं पोड़ी बचरा आदिवासी क्षेत्रों में खोले जाएंगे। इसी तरह 6 नवीन आईटीआई, सामरी, धनोरा, बिहारपुर, शिवनंदनपुर (बिश्रामपुर) तथा छोटेडोंगर आदिवासी क्षेत्रों में एवं 1 तोरला, विकासखण्ड-अभनपुर, जिला रायपुर के लिए प्रावधान किया गया है। अनुपूरक में छत्तीसगढ़ स्वामी विवेकानंद तकनीकी विश्वविद्यालय, भिलाई केम्पस में 100 सीटर कन्या छात्रावास के लिए प्रावधान किया गया है।