1 फ़रवरी 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सोलह वर्षीय किशोरी को अगवा कर दुष्कर्म करने के मामले में कोर्ट ने आरोपी को दी ये सजा, पढ़ें रिपोर्ट

सोलह वर्षीय किशोरी को अगवा कर दुष्कर्म करने के मामले में कोर्ट ने आरोपी को दी ये सजा, पढ़ें रिपोर्ट

less than 1 minute read
Google source verification

राजसमंद।

राजस्थान के राजसमंद जिले में साढ़े तीन पहले सोलह वर्षीय किशोरी को अगवा कर दुष्कर्म करने के मामले में सुनवाई हुई है। दुष्कर्म करने के आरोप में यौन अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम मामले के विशिष्ट न्यायाधीश मनीष अग्रवाल ने आरोपी को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है।

विशिष्ट लोक अभियोजक गोपालकृष्ण जाट ने बताया कि 5 जुलाई 2015 को फरारा क्षेत्र से सोलह वर्षीय किशोरी को अगवा कर दुष्कर्म के आरोप में मुंडोल निवासी हीरालाल पुत्र नानालाल सालवी के विरुद्ध राजनगर थाने में प्रकरण दर्ज हुआ।

पुलिस ने जांच के बाद अदालत में आरोप पत्र प्रस्तुत कर दिया। अभियोजन पक्ष की ओर से 34 गवाह व साक्ष्य प्रस्तुत किए गए, जिनका अध्ययन करने व सभी पक्षों की सुनवाई के बाद न्यायाधीश मनीष अग्रवाल ने आरोपी हीरालाल सालवी को दोषी करार दिया।

आरोपी को पोस्को एक्ट के तहत आजीवन कारावास व दस हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया गया। इसके अलावा धारा 363 में तीन वर्ष के साधारण कारावास, एक हजार के अर्थदंड, धारा 366 में पांच वर्ष के साधारण कारावास व एक हजार के अर्थदंड से दंडित किया गया। न्यायाधीश ने राजस्थान पीडि़त प्रतिकर स्कीम 2011 के तहत जिला विधिक सेवा प्राधिकरण राजसमंद को पीडि़ता को उचित प्रतिकर दिलाने की अनुशंषा की है।

Story Loader