CBSE Exam Tips: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने आज 10वीं और 12वीं दोनों कक्षा का रिजल्ट जारी कर दिया। जानिए क्या रही टॉप करने वाले स्टूडेंट की स्ट्रैटजी-
CBSE Exam Tips: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने आज 10वीं और 12वीं दोनों कक्षा का रिजल्ट जारी कर दिया। इस बार 12वीं कक्षा में कुल 88.39% छात्र उत्तीर्ण हुए। वहीं 10वीं कक्षा का पासिंग प्रतिशत 93.60% रहा। राजस्थान के छात्र-छात्राओं ने भी तीन स्ट्रीम साइंस, कॉमर्स और आर्ट्स में अच्छा परफॉर्म किया। टॉप करने वाले कई छात्रों का कहना है कि बोर्ड परीक्षा में अच्छा स्कोर करने के लिए NCERT किताब से पढ़ना चाहिए और शुरुआत से ही फोकस रहना जरूरी है।
पिछले कई सालों की तरह इस साल भी सीबीएसई ने टॉपर्स की लिस्ट जारी नहीं की है। हालांकि, स्कूल अपने अपने हिसाब से टॉपर्स की घोषणा करते हैं। राजधानी जयपुर के कई स्कूलों के 95 प्रतिशत से ज्यादा हासिल करने वाले स्टूडेंट्स से पत्रिकाकी एजुकेशन जर्नलिस्ट शाम्भवी शिवानी ने बातचीत की।
95 प्रतिशत से ज्यादा हासिल करने वाले जिन तीन टॉपर्स से हमने बातचीत की उनका नाम है, अनुष्का यादव (99 प्रतिशत), महक खंडेलवाल (97.6 प्रतिशत) और कृतिका सिंह (98.6)। अनुष्का ने आर्ट्स स्ट्रीम से CBSE बोर्ड के 12वीं परीक्षा में सफलता हासिल की तो वहीं महक खंडेलवाल ने कॉमर्स और कृतिका सिंह ने साइंस विषय से सीबीएसई में अच्छा स्कोर किया।
अनुष्का यादव जयपुर की रहने वाली हैं और उनकी पढ़ाई पैरामाउंट विद्या आश्रम स्कूल से हुई है। उन्होंने 12वीं कक्षा में ह्यूमैनिटीज से 99 प्रतिशत हासिल किया। अनुष्का यादव बताती हैं कि उन्होंने शुरुआत से ही 95 प्रतिशत से ऊपर का गोल रखा था। इसके लिए परीक्षा के करीब वे हर दिन 6 घंटे की पढ़ाई करती थीं। हर विषय को दो दो घंटे का समय देती थीं। कहा, “मैंने NCERT के किताब पर ज्यादा फोकस किया और सैंपल पेपर बनाती थी। मुझे आगे सरकारी प्रतियोगिता परीक्षा में शामिल होना है। फिलहाल मेरा गोल है CUET UG से टॉप कॉलेज लेना।”
वहीं महक खंडेलवाल ने जयपुर के तिलक पब्लिक स्कूल से पढ़ाई की है। उन्होंने कॉमर्स स्ट्रीम से 97.6% हासिल किया है। महक कहती हैं, “शुरुआत से ही 95 प्रतिशत के ऊपर का गोल रखा था। ऐसे में मैंने हर यूनिट टेस्ट पर फोकस किया। जब भी जिस भी टेस्ट में कम अंक आए, उन पर ध्यान दिया और मुश्किल सवालों को मार्क कर लिया और उन पर खास ध्यान दिया। साथ ही कक्षा में शिक्षकों के हर बात को नोट किया। परीक्षा के नजदीक आकर सैंपल पेपर बनाए और रिवीजन का समय बढ़ा दिया।” महक कहती हैं कि वे रोजाना तीन घंटे पढ़ाई करती थीं और परीक्षा से करीब 4 महीने पहले तैयारी शुरू कर दी थी। महक आगे CA की पढ़ाई करना चाहती हैं।
वहीं साइंस स्ट्रीम (PCB) में 98.6 प्रतिशत हासिल करने वाली कृतिका सिंह का कहना है कि उनका अगला फोकस है नीट यूजी। उन्हें नीट परीक्षा में अच्छा स्कोर करके MBBS की पढ़ाई करनी है। कृतिका ने जयपुर के एसआरएन इंटरनेशनल स्कूल से पढ़ाई की है। उन्होंने कहा, “जब ही मैंने 12वीं कक्षा में प्रवेश किया था तब से अपना फोकस तैयारी की तरफ बढ़ा दिया था। परीक्षा की तैयारी के लिए मैंने मल्टीपल रिवीजन पर ध्यान दिया मतलब कि बार बार रिवीजन किया।” वहीं मेरा सक्सेस मंत्र था लिखने की प्रैक्टिस करना।
कृतिका सिंह कहती हैं सभी बोर्ड्स स्टूडेंट के लिए NCERT किताब वरदान की तरह है। किसी कांसेप्ट को समझने के लिए साइड बुक की मदद ले सकते हैं। लेकिन NCERT के एक एक प्वॉइंट को समझना बहुत जरूरी है। मेरे लिए फिजिक्स टफ विषय था इसलिए मैंने इस पर खूब मेहनत की है।
कृतिका सिंह ने कहा कि मैंने शुरुआत से पढ़ाई पर फोकस किया क्योंकि मेरा गोल था 95 प्रतिशत से अधिक हासिल करना। अंत समय के लिए मैंने बस रिवीजन का काम रखा। हालांकि, तैयारी के लिए मैंने कोई फिक्स समय नहीं दिया। जब जितनी आवश्यकता ही उतनी पढ़ाई की। मैंने इंग्लिश विषय पर भी फोकस किया क्योंकि बोर्ड परीक्षा में अच्छा स्कोर करने के लिए ये जरूरी विषय है। इंग्लिश में परीक्षा से पहले राइटिंग की प्रैक्टिस की और स्ट्रक्चर को अच्छे से समझा। बोर्ड परीक्षा में लिखने के स्टाइल से मार्क्स बहुत प्रभावित होता है। आंसर प्रैक्टिस करके में शिक्षकों से फीडबैक लेती थी।