4 फ़रवरी 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सवाई माधोपुर

राइट टू हेल्थ के विरोध बंद रहे निजी अस्पताल, जांच के लिए भी भटकते रहे मरीज

-मरीजों को हुई परेशानी

Google source verification

सवाईमाधोपुर.स्वास्थ्य का अधिकारी विधेयक(राइट टू हेल्थ) बिल के विरोध में रविवार को जिले के सभी निजी अस्पताल बंद रहे। इनमें आउटडोर सहित आपातकालीन सेवाएं प्रभावित रही। इस दौरान कई ऑपरेशन टले व आपातकालीन सेवाएं ठप रही। चिकित्सक संगठन की ओर से अनिश्चितकालीन समय के लिए संपूर्ण मेडिकल सेवाएं बंद रखी। निजी अस्पतालों में कामकाज बंद रहा। इससे मरीजों व उनके परिजनों को परेशानी उठानी पड़ी। आरटीएच को लेकर चिकित्सकों का कहना है कि ये बिल राजस्थान निजी स्वास्थ्य सेवाओं पर हानिकारक व विपरीत प्रभाव डालने वाला है। इस बिल में पूरी तरह से संशोधन होना चाहिए।
इमरजेंसी सेवाएं भी रही ठप
बिजल के विरोध में निजी अस्पतालों में इमरजेंसी सेवाएं भी ठप रही। ऑपरेशन नहीं होने से मरीज व उनके परिजन इधर-उधर चक्कर काटते रहे। निजी चिकित्सकों ने ओपीडी व इमरजेंसी सेवाओं को ठप कर दिया। सरकार की आरजीएचएस व चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना का भी बहिष्कार किया। ऐसे में सरकारी योजनाओं का बहिष्कार करने से मरीजों को लाभ नहीं मिला।
आज करेंगे जयपुर कूच
आईएमए के सैकेट्री डॉ.शिव सिंह ने बताया कि राइट टू हेल्थ बिल के विरोध में जिले में निजी अस्पताल, क्लिनिक पूरी तरह से बंद रहे। निजी हॉस्पीटल में ओपीडी, इमरजेंसी की सेवाएं बंद रही। केवल आईपीडी में भर्ती मरीजों का ही इलाज किया। प्रतिदिन की तरह आने वाले मरीजों की जांच नहीं हुई। उन्होंने बताया कि बिल के विरोध में एसोसिएशन की ओर से सोमवार को जयपुर कूच किया जाएगा।
जिला अस्पताल भी दो घंटे खुला
निजी अस्पतालों ने तो मांगों को लेकर कार्य बहिष्कार कर दिया। वहीं जिला अस्पताल भी रविवार होने से सुबह नौ से 11 बजे तक ही खुला। ऐसे में ऑपरेशन के लिए आने वाले मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ी।

बड़ी खबरें

View All

सवाई माधोपुर

राजस्थान न्यूज़