31 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Big news: मेडिकल कॉलेज की नर्सरी तैयार, 100 सीट की मिली मान्यता, लगेंगे उम्मीदों के पंख

50 सीट पर दाखिला की प्रक्रिया हुई पूरी, शेष पर जल्द, 3 अक्टूबर से अध्यापन की तैयारी

2 min read
Google source verification

सिवनी. शासकीय मेडिकल कॉलेज सिवनी को 100 सीटों की मान्यता मिल गई है। बड़ी बात यह है कि पहले कॉलेज को 50 सीटों की मान्यता मिली थी। 13 सितंबर को 50 और सीटों की मान्यता मिल गई। नीट में परीक्षा देने के बाद चयनित अभ्यर्थियों ने मेडिकल कॉलेज सिवनी को पसंद किया। इसके बाद मेडिकल कॉलेज में 50 अभ्यर्थियों ने दाखिला ले लिया है। वहीं आगे की प्रक्रिया भी जारी है। शेष 50 सीटों पर भी जल्द ही अभ्यर्थियों को दाखिला मिलेगा। इसके बाद 3 अक्टूबर से अध्यापन का कार्य शुरु होगा। इसको लेकर कॉलेज प्रबंधन ने तैयारी पूरी कर ली है। उल्लेखनीय है कि मेडिकल कॉलेज में पहले फैकल्टी कम होने की वजह से मान्यता अटक गई थी। इसको लेकर प्रबंधन अब गंभीर है। वह किसी भी तरह का जोखिम नहीं लेना चाहती है। अध्यापन ठीक से हो इसके लिए कमर कस लिया गया है। फैकल्टी को दुरूस्त करने में प्रबंधन का पूरा फोकस है। नेशनल मेडिकल कमीशन(एनएमसी) के मानकों के हिसाब से फैकल्टी पर प्रबंधन का फोकस है। शुरुआती दिनों में मान्यता में रोड़ा बन रही फैकल्टी के बाद से मध्यप्रदेश सरकार भी इसको लेकर गंभीर है। इस संदर्भ में डीन डॉ. परवेज अहमद सिद्दीकी लगातार व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं। मेडिकल कॉलेज में व्यवस्थित रूप से अध्यापन व्यवस्था शुरु होने से सिवनी जिले के लिए बड़ी उपलब्धि होगी। चिकित्सा व्यवस्था में काफी सुधार हो जाएगा। जूनियर डॉक्टरों की संख्या बढ़ेगी। रात हो या दिन हमेशा प्रर्याप्त संख्या में अपने यहां भी डॉक्टर मौजूद रहेंगे।

328 करोड़ की लागत से तैयार हुआ मेडिकल कॉलेज
सिवनी में मेडिकल कॉलेज को लेकर लंबी मांग रही। इसके बाद जनप्रतिनिधियों ने काफी प्रयास किया। परिणामस्वरूप वर्ष 2024 में मान्यता मिल गई। हालांकि शिलान्यास लगभग 10 साल पहले हो गया था। तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इसकी आधारशिला रखी थी। इसके बाद मामला ठंडे बस्ते में चला गया। पड़ोसी जिला छिंदवाड़ा में मेडिकल कॉलेज खुल गया, लेकिन सबसे बड़ी दरकार जिस जिले को थी वह खाली रह गया। प्रयास होते रहे और अंतत: सफलता मिली। अब चंद दिनों बाद 328 करोड़ के मेडिकल कॉलेज में अध्यापन कार्य शुरु हो जाएगा।

स्थानीय लोगों की उम्मीदें होंगी पूरी
जिले में वर्षों से गंभीर मरीजों को नागपुर, जबलपुर रेफर कर दिया जाता है। मेडिकल कॉलेज की नर्सरी खुल जाने से यहां डॉक्टरों की संख्या बढ़ेगी। चिकित्सा व्यवस्था में सुधार होगा। गंभीर मरीजों का भी इलाज सिवनी में हो सकेगा। इससे लोगों की उम्मीदें पूरी होंगी।

इनका कहना है…
50 सीट की मान्यता पहले ही मिल गई थी। जिस पर दाखिला प्रक्रिया भी पूरी हो चुकी है। 13 सितंबर को 50 और सीट की मान्यता मिल गई है। जल्द शेष सीटों पर प्रक्रिया पूरी होगी। 3 अक्टूबर से अध्यापन कार्य कराया जाएगा। सभी व्यवस्थाएं बना ली गई हैं। विद्यार्थियों के रहने, खाने सहित अन्य व्यवस्थाओं के लिए अलग-अलग जिम्मेदारी सौंपी गई है।

डॉ. परवेज अहमद सिद्दीकी, डीन, मेडिकल कॉलेज, सिवनी

Story Loader