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आबूरोड : एलईडी से जगमगाएगी रेलवे कॉलोनी

उत्तर-पश्चिम रेलवे ने शहर की रेलवे कॉलोनी में एलईडी लाइटें व स्पोट्र्स इवेन्ट के लिए शहर के प्रमुख रेलवे स्पोट्र्स ग्राउण्ड पर हाईमास्ट लाइटें लगाने की पालिका प्रशासन को स्वीकृति प्रदान कर दी है।

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आबूरोड : एलईडी से जगमगाएगी रेलवे कॉलोनी

led lights will be installed in railway colony

उत्तर-पश्चिम रेलवे ने शहर की रेलवे कॉलोनी में एलईडी लाइटें व स्पोट्र्स इवेन्ट के लिए शहर के प्रमुख रेलवे स्पोट्र्स ग्राउण्ड पर हाईमास्ट लाइटें लगाने की पालिका प्रशासन को स्वीकृति प्रदान कर दी है। हालांकि, रेलवे ने यह स्वीकृति सशर्त प्रदान की है, ताकि रेलवे की ओर से निर्धारित मापदण्डों के मुताबिक ही एलईडी व हाईमास्ट लाइटें लगाई जा सके। जाहिर है कि पालिका को एलईडी व हाईमास्ट लाइटें रेलवे की शर्तों के अनुरूप ही लगानी पड़ेगी। उम्मीद की जा रही है कि स्वीकृति मिल गई होने से पालिका प्रशासन लाइटें लगाने की प्रक्रिया शीघ्र ही शुरू कर देगी। शहर का यह प्रमुख स्पोट्र्स ग्राउण्ड होने से शहरवासी मॉर्निंग वॉक, जोगिंग, योगा, कसरत आदि करने भी वहीं जाते है। शहर की अधिकतर खेल प्रतियोगिताएं भी इसी ग्राउण्ड पर होती है। विजयादशमी पर रावण दहन समेत कई विभिन्न आयोजन भी इसी मैदान पर करवाए जाते हैं।
रेलवे ने रखी है ये प्रमुख शर्तें
एलईडी व हाईमास्ट फिटिंग्स का तमाम व्यय पालिका को वहन करना होगा। एलईडी फिटिंग्स व हाईमास्ट नवीनतम स्पेसिफिकेशन (बीआईएस या आईईसी) के मुताबिक मानक ब्राण्ड या मेक के अथवा रेलवे स्पेसिफिकेशन के मुताबिक करना सुनिश्चित करना होगा। एलईडी फिटिंग्स व हाईमास्ट की खरीददारी व इन्हें लगाने से पूर्व वॉटेज, वॉल्टेज, करंट, ऊंचाई, गारंटी, मेक, ब्राण्ड आदि का विवरण भेजकर रेलवे प्रशासन से अनुमति लेनी होगी। हाईमास्ट लगाने से पूर्व इसका डिटेल्ड प्लान (क्रियान्वयन की प्रक्रिया व सभी डायमेन्शन समेत) सम्बंधित परिषद व रेल इंजीनियर के हस्ताक्षर करवाकर सक्षम अधिकारी से स्वीकृति प्राप्त करनी होगी। साथ ही फिटिंग्स से पूर्व रेलवे के बिजली विभाग के इंजीनियर के साथ साइट सर्वे कर कार्य के क्रियान्वयन का तरीका सुनिश्चित करना होगा। बिजली कार्यों के लिए सभी सेफ्टी उपायों, इलेक्ट्रीसिटी एक्ट-2003 एवं इंडियन इलेक्ट्रीसिटी रूल की अनुपालना सुनिश्चित करनी होगी। यह भी शर्त शामिल की गई है कि एलईडी फिटिंग्स एवं हाईमास्ट के कारण बिजली जनित अथवा अन्य किसी प्रकार की दुर्घटना एवं नुकसान की तमाम जानकारी पालिका प्रशासन की रहेगी।
यूं आगे बढ़ी एलईडी लगाने की बात
पिछले साल 18 नवम्बर को पालिका बोर्ड की विशेष बैठक में पार्षद रितेश सिंह चौहान ने का था कि पूरा आबूरोड शहर एलईडी लाइटों से जगमगा रहा है, रेलवे कॉलोनी को क्यों वंचित रखा जाए। उन्होंने रेलवे कॉलोनी में एलईडी व स्पोट्र्स ग्राउण्ड में हाईमास्ट लाइटें लगवाने का प्रस्ताव रखा। पार्षद नरगीस कायमखानी व कांतिलाल परिहार ने भी उनके प्रस्ताव का समर्थन किया। इस पर पालिकाध्यक्ष ने नियमानुसार कार्यवाही का भरोसा दिलाया। ईओ ने कहा कि एलईडी कार्य राज्य सरकार के निर्देशों की पालना में करवाया जा रहा है। इस पर सदन में उपस्थित सभी सदस्यों ने प्रस्ताव पर सहमति दर्ज करवाई। प्रस्ताव बहुमत से पारित किया गया। बाद में पार्षद रितेशसिंह चौहान ने बोर्ड की बैठक का संदर्भ देते हुए एलईडी व हाईमास्ट लाइटें लगवाने के लिए पालिकाध्यक्ष को पत्र दिया। फिर पालिकाध्यक्ष के निर्देश पर ईओ ने मंडल रेल प्रबंधक को लिखा, जिसके प्रत्युत्तर में वरिष्ठ मंडल बिजली इंजीनियर पंकजकुमार मीना ने 2 मार्च को सशर्थ स्वीकृति जारी की।
इन्होंने बताया ...
हालांकि मुझे पता नहीं है, लेकिन यदि स्वीकृति जारी की है तो हम शीघ्र ही रेलवे कॉलोनी में एलईडी व रेलवे स्पोट्र्स ग्राउण्ड पर हाईमास्ट लाइटें लगवाने की प्रक्रिया शुरू कर देंगे। रेलवे कॉलोनी के साथ साईँविहार कॉलोनी, अम्बेडकर कॉलोनी व गांधीनगर के कुछ हिस्से में भी एलईडी लाइटें लगाने की प्लानिंग कर रहे हैं।
- सुरेश सिंदल, पालिकाध्यक्ष, आबूरोड।

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