भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की टीम शुक्रवार को मां हरसिद्धि मंदिर की दीपमालिका का निरीक्षण कर सकती है। एसडीम द्वारा भेजे गए पत्र में मंदिर की दीपमालिका में हुए हादसे की जानकारी दी गई। जिसके बाद संभवत शुक्रवार को इंदौर से टीम आकर निरीक्षण कर सकती है। 52 शक्तिपीठ में से एक मां हरसिद्धि के दरबार में बुधवार शाम को दीपमालिका प्रज्ज्वलित करने के बाद दीपमालिका के उपर के हिस्से ने आग पकड़ ली थी। जिसके बाद कुछ दीये और स्तंभ टुटकर गीरने लगे। 500 वर्ष पुरानी दीपमालिका में पहली बार इस तरह की घटना होने से मंदिर प्रशासन सहित जिला प्रशासन भी सकते में है। गुरुवार सुबह एसडीएम अभिषेक दूबे ने पीडब्लूडी विभाग को तत्काल मंदिर पहुंच जांच करने के निर्देश दिए थे। जिसके बाद सुबह विभाग के अधिकारी मंदिर पहुंचे और जांच की। लेकिन मामला प्राचीनता से जुड़ा होने के कारण अधिकारी ने इसे पुरातत्व विभाग से राय लेकर कार्य करने की बात कही। एसडीएम दुबे ने इसके बाद इंदौर स्थित भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण को पहले फोन कर और फिर पत्र भेज इस मामले में निरीक्षण करने की बात कही। वहीं मंदिर प्रशासन ने गुरुवार को दीपमालिका को प्रज्ज्वलित नहीं किया। मंदिर प्रबंधक अवधेश जोशी ने बताया की हादसे के बाद दीपमालिका के दीप कमजोर हो गए होंगे। पुरातत्व की टीम आकर निरीक्षण करले उसके बाद दीपमालिका का प्रज्ज्वलित किया जाएगा।