अलवर। सुभाष चौक ( पुराना कटला) स्थित जगन्नाथ मंदिर में आयोजित किए जा रहे जगन्नाथ महोत्सव के कार्यक्रमों के तहत आज शाम 7 बजे भगवान सीतारामजी की सवारी बैंडबाजे के साथ रूपबास के लिए रवाना होगी। मान्यता है कि सीतारामजी जानकी मैया के विवाह की तैयारियों का जायजा लेने के लिए एक दिन पूर्व रवाना होते हैं। इससे पूर्व प्रात: 6 बजे अखंड कीर्तन का समापन हुआ।
मंदिर में विराजमान भगवान जगन्नाथ के पट 23 जून को प्रात: 6 बजे अखंड कीर्तन प्रारंभ होने के बाद बंद हो गए थे। सोमवार को 72 घंटे के बाद भगवान जगन्नाथ ने दूल्हा रूप में तैयार होकर भक्तों को दर्शन दिए। मंगलवार को पुराना कटला स्थित जगन्नाथ मंदिर से शाम 6 बजे भगवान जगन्नाथ की सवारी बैंडबाजे व शाही लवाजमे के साथ रूपबास के लिए रवाना होगी। भगवान की रथयात्रा में विभिन्न प्रकार की झांकी, घोडे, भजन मंडलिया, अखाडा पार्टियां आदि विशेष आकर्षण शामिल होंगे।
रूपबास में मेले की तैयारी
इधर रूपबास में भरने वाले मेले की तैयारियों का प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से जायजा लिया जा रहा है। मेला स्थल पर विभिन्न प्रकार की अस्थाई दुकाने लगी है। इसके अलावा मनोरंजन के लिए छोटे-बड़े झूले भी लगे है।