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टीबी जांच के त्वरित एंव सचोट परिणाम मिलने लगे हैं: डॉ. पटेल

क्षय रोग उन्मूलन के प्रयासों में गुजरात अग्रिम पंक्ति में

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टीबी जांच के त्वरित एंव सचोट परिणाम मिलने लगे हैं: डॉ. पटेल

टीबी जांच के त्वरित एंव सचोट परिणाम मिलने लगे हैं: डॉ. पटेल

अहमदाबाद. देश में टीबी (क्षय) रोग हारेगा, देश जीतेगा के संकल्प के साथ वर्ष 2025 तक टीबी को जड़मूल से दूर करने की दिशा में काम किया जा रहा है। वहीं गुजरात राज्य की ओर से वर्ष 2022 तक इस दिशा में संपूर्ण कामयाबी पाने का लक्ष्य है। इस लक्ष्य को लेकर किए जा रहे कार्यों के मामले में गुजरात शीर्ष राज्य बन गया है।
अहमदाबाद सिविल मेडिसिटी स्थित स्टेट टीबी ट्रेनिंग एवं डेमोस्ट्रेशन सेंटर के निदेशक डॉ. प्रणव पटेल ने बताया कि अस्पताल की टीबी हॉस्पिटल की टीम के माध्यम से इस रोग को लेकर विविध जागरुकता कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। चिकित्सकों की ओर से इस संबंध मेें जगह-जगह कैंप भी लगाए गए। साथ ही ग्राम्य क्षेत्रों में भी टेस्ट किए जाते हैं। सिविल मेडिसिटी स्थित टीबी अस्पताल में एक वर्ष में 30 हजार से अधिक टीबी की विविध जांचें की गईं। इसके लिए राज्य सरकार की ओर से आधुनिक मशीन उपलब्ध करवाई गई है जिससे सचोट जांच और स्पष्ट परिणाम मिलते हैं। इस तरह की आधुनिक मशीनों व अन्य बेहतर कार्यों की वजह से स्टेट टीबी अंक मामले में गुजरात शीर्ष क्रम पर है। टीबी के गंभीर 3500 मरीजों को काफी खर्चीली दवाइयां निशुल्क दी गई हैं। इसके लिए आर्थिक निक्षय पोषण योजना के अन्तर्गत टीबी के मरीज को प्रति माह पांच सौ रुपए भी सहायता के रूप में दी जाती है। टीबी रोग को लेकर राज्य में विविध कार्य किए जा रहे हैं। जिससे गुजरात राज्य इस मामले में देश का शीर्ष राज्य बन गया है।

उत्कृष्ट कार्य करने वालों का किया सम्मान
टीबी दिवस पर अहमदाबाद जिला पंचायत के उन कर्मचारियों का सम्मान किया गया है जिन्होंने टीबी जागरूकता के लिए उत्कृष्ट कार्य किया है।