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आईडी व पुलिस की वर्दी पहन लेने गए थे मजा, वहां जा कर यूं मिल गई सजा

निकटवर्ती कानस गांव में पुलिस की वर्दी पहनकर समारोह में रौब झाडऩे पहुंचे एक प्रौढ़ को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

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raktim tiwari

Nov 10, 2016

fake police in wedding

fake police in wedding

निकटवर्ती कानस गांव में पुलिस की वर्दी पहनकर समारोह में रौब झाडऩे पहुंचे एक प्रौढ़ को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उसके पास अजमेर के रामगंज थानाधिकारी के नाम से फर्जी परिचय पत्र तथा आई-कार्ड मिले हैं। कानस सरपंच के पति गोरधन सिंह रावत ने बताया कि बुधवार को गांव के ज्ञान सिंह के भानजे का समारोह चल रहा था।

उसी दौरान पुलिस की वर्दी पहने बाबू लाल पंवार नामक प्रौढ़ ज्ञान सिंह के घर गया तथा स्वयं को ज्ञान सिंह का परिचित बताया। उसने पांच सौ व एक हजार के नकली नोट बंद होने का हवाला देते हुए जेवरात की जानकारी चाही। इधर समारोह में परिचित के फोन करने पर ज्ञान सिंह मौके पर पहुंंचे तो बाबू लाल के फर्जीवाड़े का राज खुला।

ग्रामीणों के पूछताछ करने पर इसने स्वयं को रामगंज थानाधिकारी बताते हुए रौब झाड़ा। इससे ग्रामीणों का शक बढ़ गया। उसकी तलाशी लेने पर रामगंज अजमेर के थानाधिकारी के नाम से फर्जी आई कार्ड तथा थाने की सील मिली। इसके अलावा अन्य परिचय पत्र भी मिले। थानाधिकारी दुलीचंद ने शिकायत मिलने पर सहायक उपनिरीक्षक नाथू लाल को भेजकर प्रौढ़ को गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस पूछताछ में संदिग्ध नागौर जिले के पादू गांव का रहने वाला है। वह पूर्व में होमगार्ड में नौकरी करता था। पुलिस ने लोक सेवक का प्रतिरूपण करने के आरोप में उसे गिरफ्तार कर लिया है।


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