24 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Ayodhya Ka Faisla : अयोध्या मामले में निर्णय से पहले प्रशासन का बड़ा निर्देश , कहा मस्जिदों से …

अयोध्या ( Ayodhya Ram Mandir Dispute) मामले में उच्चतम न्यायलय (Supreme Court) से फैसला आने से पहले प्रयागराज में प्रशासन और पुलिस का सख्त रुख

2 min read
Google source verification
Major instruction of administration before decision in Ayodhya case

अयोध्या मामले में निर्णय से पहले प्रशासन का बड़ा निर्देश , कहा मस्जिदों से ...

प्रयागराज | अयोध्या (Ayodhya Ram Mandir Case) मामले में उच्चतम न्यायलय (Supreme Court) से फैसला आने से पहले प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट है । अयोध्या फैसले (Ayodhya Ka Faisla) के मद्देनजर प्रदेशभर के साथ प्रयागराज में भी सुरक्षा व्यवस्था और आपसी समन्वय बनाने के लिए प्रशासनिक अमले के साथ ही दोनों पक्षों के धर्मगुरुओं की बैठक का दौर लगातार जारी है। पुलिस लाइन सभागार में जिले के आलाधिकारियों और साधु.संतों की एक बैठक हुई। जिसमें अधिकारियों की तरफ से साधु. संतों व धर्म गुरुओं से अपील की गई कि आने वाला आयोध्या मामले में निर्णय किसी के भी पक्ष में आए। लेकिन आपसी सौहार्द को बनाए रखना यह हम सब की नैतिक जिम्मेदारी है। जिसको लेकर साधु.संतों की तरफ से भी सार्थक पहल देखने को मिली।


अयोध्या फैसले (Ayodhya Ka Faisla) के बाद जश्न जुलुस पर रहेगी पाबंदी
शासन -प्रशासन की ओर से कहा की अयोध्या का फैसला (Ayodhya Ka Faisla) किसी के पक्ष में आए किसी भी तरह का जुलुस और जश्न नहीं मनाया जायेगा। संतो से अपील की गई की किसी भी तरह का बयान संत समाज के लोग न दें वही मुश्लिम धर्म गुरुओं से मस्जिद से एनाउंस करने की अपील की गई की फैसले से पहले या बाद में किसी तरह की कोई भी विवादित टिप्पणी न करें । बैठक में मौज़ूद अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के महामंत्री महंत हरि गिरी महाराज ने कहा की यह बैठक में राष्ट्र हित की है। देश का सामाजिक ताना बाना कैसे सुरक्षित रहे इसको लेकर चिंतन किया गया। उन्होने कहा की अगर राष्ट्र सुरक्षित रहे। अगर हमारे हंसने या किसी दूसरे तरह के जीवनचर्या से किसी को दुःख या तकलीफ़ पहुंच रही है । हमें बड़े भाई होने के नाते यह ख्याल रखना चाहिए। इसलिए हमारी परीक्षा की घड़ी है आगामी निर्णय जो भी आये पर हमें अपने धैर्य के साथ आपसी समन्वय बनाए रखने की जिम्मेदारी है।

इसे भी पढ़े-दरोगा की फर्जी वर्दी पहनकर गर्लफ्रेंड को इंप्रेस करने पंहुचा युवक , इस तरह हुआ गिरफ्तार

भगवा भेष में कोई भी हो सकता है

हरी गिरी महाराज ने शासन -प्रशासन से यह भी कहा की भगवा भेष में कोई दूसरा भी समाज़ को खंडित करने का काम कर सकता है। जिस पर सतर्कता की जिम्मेदारी प्रशासन की भी है। उन्होने प्रशासन से शहर की गलियों औऱ चौराहों पर सीसीटीवी कैमरे से निगरानी करने के अलावा साधू संतों से कहा की उनके रहने वाले इलाकों में अगर कोई भी अजनबी या संदिग्ध आदमी दिखे तो उसे प्रशासन को बताएं। उन्होने कहा की हर धर्म में अच्छे लोग हैं लेकिन उन्ही लोगों के बीच कुछ ऐसे लोग भी हैं जिनसे समाज़ को विशेष तौर पर ख़तरा है। इस लिए हम सभी को विशेष सावधानी बरतने की जिम्मेदारी है। सभी को देश का सामाजिक ताना बाना कैसे सुरक्षित रहे इसका ख्याल रखने की जिम्मेदारी निभानी होगी।


प्रशासन की अपील
वही एडीजी जोन प्रयागराज सुजीत कुमार पांडे ने कहा है कि आगामी निर्णय को लेकर आज दो दौर की बैठक है जिसमें पहले दौर की बैठक हिंदू धर्म गुरुओं के साथ हुई है। जिसमें तमाम साधु.संत इकट्ठा हुए। जिनके माध्यम से समाज़ में आपसी समन्वय बनाए रखने की अपील की गई। माननीय न्यायालय के निर्णय का सभी को धर्म के लोगों से मानने की अपील की गई है। जिसमें दूसरे दौर में मुस्लिम धर्मगुरुओं औऱ समाज़ के संभ्रांत व्यक्तियों की बैठक भी बुलाई गई है। इस दौरान बैठक में जिला अधिकारी भानु चंद्र गोस्वामी, एडीजी जोन प्रयागराज सुजीत पांडेए डीआईजी ज़ोन प्रयागराज कवीन्द्र प्रताप सिंह सहित तमाम अधिकारी व बड़ी संख्या में साधु संत मौजूद रहे।

बड़ी खबरें

View All

प्रयागराज

उत्तर प्रदेश

ट्रेंडिंग