अलवर

क्या वजह है कि वोटिंग का लुत्फ नहीं उठा पा रहे हैं पर्यटक, पढे़ यह खबर

अलवर: पर्यटन की दृष्टि से अलवर जिला प्रदेश में महत्वपूर्ण स्थान रखता है। जिले की यही पर्यटन ख्याति सुन देश व प्रदेश के अनेक जिलों से पर्यटक यहां सैर के लिए आते हैं, लेकिन जब उन्हें पर्यटन स्थलों पर सुविधाएं नहीं मिलती तो वे निराश होकर लौटते हैं, साथ ही अलवर की ख्याति को भी नुकसान पहुुंचता है। ऐसा ही कुछ इन दिनों सिलीसेढ़ झील पर्यटन स्थल को लेकर हो रहा है। यहां करीब ढाई महीने से पर्यटकों को बोटिंग की सुविधा नहीं मिल पा रही।

2 min read
Jun 19, 2023
क्या वजह है कि वोटिंग का लुत्फ नहीं उठा पा रहे हैं पर्यटक, पढे़ यह खबर

आगामी एक जुलाई से टाइगर रिजर्व सरिस्का पर्यटकों के लिए तीन महीने बंद रहेगा। इस कारण सिलीसेढ़ का महत्व और बढ़ गया है। लेकिन दूर दराज से आने वाले पर्यटकों के लिए यहां बोटिंग कर झील का आनन्द लेना मुश्किल है। कारण है कि सिलीसेढ़ की बोटिंग पिछले ढाई महीने से राजस्थान पर्यटन विकास निगम की टेंडर प्रक्रिया में उलझी है। अकेले सिलीसेढ़ में प्रतिमाह करीब 8 हजार पर्यटक पहुंचते हैं।

होटल की आय रह गई आधी:

सिलीसेढ़ में प्रतिमाह आठ हजार पर्यटक आते हैं लेकिन बोटिंग नहीं होने के कारण अब पर्यटकों की संख्या आधी ही रह गई है। अब पांच हजार पर्यटक ही पर्यटक आ रहे हैं। बोटिंग नहीं होने से पर्यटक कम होने से निगम की हर महीने होने वाली करीब 7 लाख की आय भी घटकर पांच लाख ही रह गई है। सिलीसेढ़ में प्रवेश के लिए प्रति व्यक्ति सौ रुपए का शुल्क लिया जाता है। प्रवेश का समय प्रात: 8 बजे से रात 8 बजे तक है।

वीकेंड टूरिज्म का सबसे बड़ा स्थल :

अलवर एनसीआर में आता है यहां पर वीकेंड टूरिज्म का विशेष उत्साह रहता है। जिसमें दिल्ली, हरियाणा व आसपास के राज्यों से पर्यटक शनिवार व रविवार को अलवर आते हैं। दो दिन यहां पर्यटन स्थलों का आनंद लेते हैं। इसके साथ ही क्रिसमस, शीतकालीन व ग्रीष्मकालीन अवकाश के दौरान यहां रिकार्ड स्तर पर पर्यटक आते हैं।

सिलीसेढ़ में दो महीने से बंद है बोटिंग, पर्यटक हो रहे निराशपर्यटन निगम ढाई महीने में भी बोटिंग शुरू नहीं करा सका, लाखों का झेल चुके घाटानहीं निकाल पाए हल

बोटिंग के टेंडर जल्द खोले जाएंगे

सिलीसेढ़ में बोटिंग के टेंडर इस माह किए गए हैं जल्द ही टेंडर खोले जाएंगे। इसके बाद बोटिंग शुरू हो जाएगी। सिलीसेढ़ होटल में करीब डेढ़ करोड़ की लागत से काम करवाया जा रहा है। जो पर्यटकों को पसंद आएगा। ऐसा पहली बार हो रहा है।

धमेंद्र राठौड, चेयरमैन, आरटीडीसी, जयपुर

Published on:
19 Jun 2023 12:40 pm
Also Read
View All

अगली खबर