
अगर आपके पास नहीं है यह जरूरी चीज, तो नहीं चला पाएंगे बाइक
अलवर. बिना पेनकार्ड के अब आरटीओ कार्यालय में दुपहिया वाहनों का भी पंजीकरण भी नहीं हो सकेगा। जिस तरह बिना प्रदूषण जांच प्रमाण के वाहनों के बीमा करने पर रोक लगाई है ठीक उसी तरह वाहन खरीदने के लिए भी पेनकार्ड की जरूरत पड़ेगी ताकि 50 हजार से 1 लाख रुपए तक का ब्यौरा भी सरकार तक पहुंच सके।
अकेले अलवर जिले में एक साल में करीब 60 हजार से अधिक छोटे बड़े वाहन खरीदे जाते हैं। अभी तक आरटीओ कार्यालय में वाहन खरीदने पर पेन कार्ड मांगा ही नहीं जाता था। अब परिवहन विभाग ने वाहन का पंजीकरण कराने से पहले पेनकार्ड अनिवार्य कर दिया है जिसकी सूचना चस्पा करने के बाद बाजार भी प्रभावित हो रहा है।
बिना प्रदूषण जांच के बीमा नहीं
करीब एक माह पहले ही सरकार ने प्रदूषण जांच कराए बिना वाहनों का बीमा नहीं करने के आदेश जारी किए हैं। उसके बाद अब बिना पेनकार्ड के वाहन का रजिस्ट्रेशन नहीं करने के आदेश दे दिए हैं।
मेवात क्षेत्र में कम हैं पेनकार्ड
मेवात क्षेत्र में काफी कम संख्या में लोगों के पास पेनकार्ड हैं। जिसके कारण सबसे अधिक इन क्षेत्र के लोगों को वाहन खरीदने से पहले पेनकार्ड बनवाने में मशक्कत करनी पड़ेगी। वैसे तो आवेदन करने के 15 दिन में पेनकार्ड मिलना चाहिए। लेकिन एक महीना से अधिक समय लग रहा है।
जिले में केवल 2 लाख पेनकार्ड धारक
अलवर जिले की करीब 45 लाख जनसंख्या में से केवल दो लाख व्यक्तियों के पास पेनकार्ड हैं। अधिकतर पेनकार्डधारकों के पास वाहन पहले से हैं। ऐसे हर व्यक्ति को पेनकार्ड बनवाना पड़ेगा जिसे भविष्या में छोटा या बड़ा वाहन खरीदना है। कार खरीदने पर तो पहले डीलर के स्तर पर पेनकार्ड मांगा जाता रहा है।
अब बिना पेनकार्ड के मोटरसाइकिल भी नहीं खरीद सकते। किसी तरह अगर डीलर के स्तर पर वाहन खरीद भी लिया तो परिवहन कार्यालय में उसका पंजीयन नहीं हो सकेगा। अभी तक डीलर बिना पेन कार्ड वालों से फॉर्म भराकर भी वाहन देते रहे हैं। लेकिन अब ऐसा नहीं हो सकेगा।
हमने सूचना लगा दी
आरटीओ कार्यालय में वाहन पंजीकरण के लिए पेनकार्ड होने की सूचना चस्पा कर दी है। पहले बिना पेनकार्ड के भी पंजीकरण हो रहे थे। लेकिन अब अनिवार्य कर दिया है।
अशोक शर्मा, डीटीओ, अलवर ।
Published on:
23 Jun 2018 05:03 pm
बड़ी खबरें
View Allअलवर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
